छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय चुनाव खत्म होते ही शुक्रवार को त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की घोषणा कर दी गई। प्रदेश में 28 जिलों में 1576 ग्राम पंचायतों के 3 जिला पंचायत सदस्य, 30 जनपद सदस्य, 235 सरपंच पद और 1807 पंच पद के लिए एक साथ 20 जनवरी को वोट डाले जाएंगे। उसी दिन परिणाम की घोषणा भी कर दी जाएगी। चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया 28 दिसंबर से शुरू होगी। निर्वाचन आयोग की घोषणा के साथ ही आचार संहिता भी लागू हो गई है।
राज्य निर्वाचन आयुक्त ठाकुर राम सिंह ने बताया कि 28 दिसंबर से 3 जनवरी तक नामांकन होगा। 4 जनवरी को नामांकन करने वालों के दस्तावेजों की जांच की जाएगी। इसके बाद 6 जनवरी तक नाम वापस लिया जा सकेगा। मतदान सुबह 7 बजे से 3 बजे तक होगा। उन्होंने बताया कि सरपंचों और पंचों के निर्वाचन की कार्यवाही 24 दिसंबर से शुरू होकर 24 जनवरी तक चलेगी। इसको लेकर सभी जरूरी तैयारियों को पूरा कर लिया गया है।
| निर्वाचन की सूचना का प्रकाशन | 28 दिसंबर |
| नामांकन पत्र | 28 दिसंबर से 3 जनवरी |
| नामांकन पत्रों की जांच | 4 जनवरी |
| नाम वापसी की अंतिम तिथि | 6 जनवरी |
| उम्मीदवार को प्रतीक का आवंटन | 6 जनवरी |
| मतदान | 20 जनवरी (सुबह 7 बजे से अपराह्न 3 बजे तक) |
| मतगणना | मतदान के तुरंत बाद |
| परिणाम की घोषणा(पंच/सरपंच/जनपद सदस्य) | 22 जनवरी |
| जिला पंचायत सदस्य परिणाम | 24 जनवरी |
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में मतदान बैलेट पेपर से होगा। मतदान में नोटा का ऑप्शन नहीं होगा। पंचायत का चुनाव 20 जनवरी को होगा और उसी दिन मतदान केंद्रों में ही मतगणना होगी। चुनाव गैर दलीय आधार पर होगा। निर्वाचन आयोग के नए नियम में प्रत्याशियों को साक्षर होना जरूरी है। राज्य में 235 सरपंच और 1807 पंच चुने जाएंगे। जिला पंचायत और जनपद पंचायतों में सदस्यों का चुनाव होगा।