पंजाब में स्वर्ण मंदिर में बेअदबी के आरोपी की एक सप्ताह बाद भी पहचान नहीं हो पा रही। पुलिस जहां सीसीटीवी कैमरों को खंगालने में जुटी है, वहीं अब शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC ) ने आरोपी की पहचान के लिए 5 लाख रुपए के ईनाम की घोषणा कर दी है। फिलहाल पुलिस ने आरोपी का बायोमैट्रिक रिकॉर्ड जांच के लिए भेज दिया है।
SGPC के प्रधान एडवोकेट एचएस धामी ने बताया कि शनिवार को सचखंड साहिब में हुई घटना से सिख श्रद्धालुओं को काफी दुख पहुंचा है। घटना के बाद आरोपी को वहीं उसके किए की सजा मिल चुकी है, लेकिन उसकी पहचान जरूरी है। आरोपी की पहचान या उसके परिवार को जानकारी देने वाले को SGPC की तरफ से 5 लाख रुपए का ईनाम दिया जाएगा।
जानकारी देने वाले की पहचान पूरी तरह से गुप्त रखी जाएगी। उन्होंने कहा कि मामले की तह तक जाने के लिए आरोपी की पहचान होना बहुत ही जरूरी है। ताकि सच सामने आ सके।
डिप्टी सीएम सुखविंदर रंधावा की तरफ से डीसीपी लॉ एंड ऑर्डर परमिंदर सिंह बंडाल के अंतर्गत SIT का गठन किया गया है। SIT को बने हुए 5 दिन बीत चुके हैं। दरबार साहिब के आसपास मार्केट में आरोपी नजर भी आया है, लेकिन उसकी पहचान नहीं हो पाई है। पुलिस उसके अमृतसर पहुंचने और यहां कहां-कहां रुका, के बारे में जानकारी जुटाने में असफल रही है। जिसके बाद अब SGPC ने आप खुद आरोपी की पहचान के लिए कोशिश शुरू कर दी है।