IPS और निलंबित चल रहे ADG जीपी सिंह को रायपुर की अदालत ने 14 दिन की न्यायिक रिमांड में जेल भेज दिया है। छत्तीसगढ़ के इतिहास में पहली बार किसी IPS अफसर को जेल भेजा गया है। ACB की टीम उन्हें लेकर अदालत पहुंची थी। आय से अधिक संपत्ति मामले में जीपी सिंह को पुलिस ने गुरुग्राम से पिछले सप्ताह पकड़ा था। तब से जीपी सिंह ACB के रायपुर स्थित दफ्तर में पुलिस रिमांड पर थे। शुरुआती दिनों में जीपी सिंह ने अफसरों की पूछताछ में कोई जवाब नहीं दिए। मंगलवार दोपहर के वक्त जीपी सिंह की पुलिस रिमांड खत्म हो गई थी।जीपी सिंह के परिजन और वकीलों का दावा है कि जीपी सिंह जांच में पूरी तरह सहयोग कर रहे हैं। पुलिस के प्रेशर की वजह से उनकी तबीयत का स्तर गिर रहा है। ब्लड प्रेशर की समस्या की वजह से जीपी सिंह का स्वास्थ्य ठीक नहीं है।
पिछली बार कोर्ट कैम्पस में जीपी सिंह ने कहा था कि, ये पॉलिटिकल विक्टमाइजेशन का केस है, मैं शुरू से कह रहा हूं। नागरिक आपूर्ति निगम की जांच कर रहा था तब गवाहों को हॉस्टाइल करने कहा गया, इस मामले में रमन सिंह और वीणा सिंह को फंसाने कहा गया था। जीपी सिंह कह चुके हैं कि जो FIR उनके खिलाफ दर्ज की गई है वो पूरी तरह से गलत है। जो संपत्ति उनके नाम बताई जा रही है वो उनकी नहीं है और ना ही उनका उससे कोई लेना-देना है। उन्होंने तब कहा था कि ये पूरा केस फैब्रीकेटेड (रचा हुआ) है।