अमरीकी शॉट शेलिंग कंपनी हिंडनबर्ग ने 24 जनवरी 2023 को एक रिपोर्ट जारी कर भारतीय उद्योगपति गौतम अडानी की और उनकी कंपनी पर कई आरोप लगाए थे। इस रिपोर्ट में अडानी बहुत ज्यादा कर्ज होने, शेयर मार्केंट में गड़बड़ी, मनी लॉन्ड्रिंग, टैक्स चोरी सहित कई आरोप लगाए गए थे। रिपोर्ट आने के बाद अडानी को अरबों रुपए का घाटा सहना पड़ा। दुनिया के दूसरे सबसे अमीर शख्स अडानी को हिंडनबर्ग ने ऐसा झटका दिया कि वो अमीरों की लिस्ट में टॉप-30 से बाहर हो गए। अडानी पर लगे आरोपों को लेकर विपक्षी दलों ने कई दिनों तक जमकर विरोध-प्रदर्शन किया। कांग्रेस सहित 17 विपक्षी दलों ने इस मामले की जांच संयुक्त संसदीय समिति से कराने की मांग की। लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में एक एक्सपर्ट कमेटी बनाते हुए जांच का निर्देश दिया था।
सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित इस कमेटी ने अपनी रिपोर्ट अदालत में पेश की है। यह रिपोर्ट 173 पन्नों की है। जो अब सामने आ गया है। इस रिपोर्ट ने अंबानी-हिडनबर्ग मामले में भारतीय उद्योगपति गौतम अडानी को कमोवेश क्लीन चिट दे दी है। रिपोर्ट में बताया गया है कि सेबी की तरफ से अब तक की गई जांच में अडाणी ग्रुप की कोई कमी नहीं पाई गई है।अडानी को क्लीन चिट देने के साथ-साथ इस रिपोर्ट में हिंडनबर्ग की शॉर्ट शेलिंग पर भी बात की गई है। बताया गया कि जनवरी के अंत में प्रकाशित रिपोर्ट से पहले कुछ संस्थाओं ने शॉर्ट पोजिशन ली और अडाणी के शेयर गिरने से मुनाफा कमाया। मालूम हो कि अंबानी मामले में सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व जज जस्टिस अभय मनोहर सप्रे की अध्यक्षता में कमेटी गठित कर हिंडनबर्ग रिपोर्ट से शेयर बाजार पर पड़े असर की समीक्षा के लिए कहा था।