कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने मंगलवार को इस साल जनवरी में अयोध्या में राम लला की प्राण प्रतिष्ठा के निमंत्रण को “सम्मानपूर्वक अस्वीकार” करने के पार्टी के फैसले का बचाव करते हुए कहा कि यह एक राजनीतिक व्यक्ति के लिए “राजनीतिक” कार्यक्रम था। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सदस्य भगवान राम के उपासक हैं। गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अयोध्या में भव्य भगवान राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा के अनुष्ठान का नेतृत्व किया था।कांग्रेस के महासचिव जयराम रमेश ने एएनआई को दिए एक साक्षात्कार में भाजपा पर “धर्म का राजनीतिकरण” करने का आरोप लगाते हुए कहा कि यह धर्म और राजनीति को भी नीचे लाता है। भारतीय जनता पार्टी पर हमला करते हुए उन्होंने कहा कि वे “राम के व्यापारी” हैं जबकि कांग्रेस सदस्य देवता के “पुजारी” हैं।