इस साल मानसून ने देशभर में अपना दबदबा बनाए रखा है। चारों ओर हुई जोरदार बारिश से गर्मी से राहत मिली है और तापमान में गिरावट आई है। एक तरफ जहाँ यह बारिश जल स्रोतों को भर रही है, वहीं दूसरी तरफ इसने नदियों, तालाबों, और झीलों को ओवरफ्लो कर दिया है। खासकर पहाड़ी राज्यों में तो बारिश ने विकराल रूप ले लिया है, जहाँ बादल फटने की घटनाएँ भी रिपोर्ट की गई हैं।
अब भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने सितंबर के पहले सप्ताह के लिए भी कई राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। विभाग का कहना है कि मानसून अभी थमने वाला नहीं है।
राजस्थान में अगले दो हफ्ते तक रहेगा मानसून का जोर राजस्थान में मानसून का दौर अभी भी जारी है। मौसम विभाग ने यहाँ अगले दो हफ्तों तक मानसून के सक्रिय रहने का अनुमान जताया है। विभाग ने आज 37 ज़िलों के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इन ज़िलों में बांसवाड़ा, बारां, भरतपुर, चित्तौड़गढ़, कोटा, उदयपुर और सवाई माधोपुर जैसे प्रमुख स्थान शामिल हैं।
दिल्ली-NCR में भी बादलों का डेरा राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों (NCR) में भी आज और सितंबर के शुरुआती दिनों में भारी बारिश की संभावना है।
मध्य प्रदेश में चक्रवाती गतिविधि, उत्तराखंड-बिहार में भी चेतावनी मौसम विभाग ने बताया है कि मध्य प्रदेश के बीचोंबीच से गुजर रही मानसून टर्फ और एक सक्रिय चक्रवाती सर्कुलेशन के कारण राज्य में भारी बारिश का दौर चल रहा है। अगले 24 घंटों में यहाँ ढाई से साढ़े चार इंच तक बारिश होने की संभावना है। भोपाल, इंदौर, उज्जैन और जबलपुर जैसे संभागों के लिए अलर्ट जारी किया गया है।
उत्तराखंड में 4 सितंबर तक अति भारी बारिश और भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। उत्तरकाशी, देहरादून, बागेश्वर, रुद्रप्रयाग और चमोली के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
बिहार में भी 4 सितंबर तक बारिश और बिजली गिरने का अनुमान है। विभाग ने पश्चिम चंपारण, सारण, पटना, गया, भागलपुर समेत राज्य के कई जिलों में अलर्ट जारी किया है। IMD ने लोगों से वज्रपात के समय खुले में न रहने और पेड़ों के नीचे शरण न लेने की अपील की है।