बजट 2026: आम आदमी को टैक्स में राहत नहीं, लेकिन इंफ्रास्ट्रक्चर और हेल्थ सेक्टर के लिए खुले सरकारी खजाने

बजट 2026: आम आदमी को टैक्स में राहत नहीं, लेकिन इंफ्रास्ट्रक्चर और हेल्थ सेक्टर के लिए खुले सरकारी खजाने


वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को अपना बजट भाषण प्रस्तुत किया, जो कुल 85 मिनट तक चला। हालांकि मध्यम वर्ग को इनकम टैक्स स्लैब में किसी बदलाव की उम्मीद थी, लेकिन सरकार ने टैक्स संरचना को स्थिर रखा है। इसके बावजूद, बजट में ‘रफ्तार, क्षमता और सबका साथ’ के त्रिकोणीय विजन पर जोर देते हुए कई दूरगामी योजनाओं की घोषणा की गई है।

प्रमुख घोषणाओं का विस्तृत विवरण:

  • टैक्स और अनुपालन: टैक्स स्लैब स्थिर रहने के बावजूद, करदाताओं को प्रशासनिक राहत दी गई है। अब रिवाइज्ड रिटर्न फाइल करने की समय सीमा 31 दिसंबर से बढ़ाकर 31 मार्च कर दी गई है, जिससे करदाताओं को अपनी त्रुटियां सुधारने के लिए 3 महीने का अतिरिक्त समय मिलेगा।
  • रेलवे का कायाकल्प: कनेक्टिविटी को नई ऊंचाई देने के लिए 7 नए हाईस्पीड रेल कॉरिडोर का ऐलान किया गया है। इनमें मुंबई-पुणे, पुणे-हैदराबाद, और दिल्ली-वाराणसी जैसे प्रमुख रूट शामिल हैं, जो क्षेत्रीय व्यापार को गति देंगे।
  • स्वास्थ्य सेवा और मेडिकल टूरिज्म: कैंसर की 17 दवाओं पर से 5% आयात शुल्क हटा लिया गया है, जिससे इलाज सस्ता होगा। साथ ही, दुर्लभ बीमारियों (हीमोफिलिया, सिकल सेल) की दवाएं भी अब ड्यूटी फ्री होंगी। देश में 3 नए आयुर्वेदिक AIIMS और 5 मेडिकल हब बनाने का प्रस्ताव है ताकि भारत मेडिकल टूरिज्म का वैश्विक केंद्र बन सके।
  • शहरी विकास: टियर-2 और टियर-3 शहरों के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए ₹12.2 लाख करोड़ का विशाल फंड आवंटित किया गया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *