नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने विपणन सत्र 2026-27 के लिए कच्चे जूट के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में वृद्धि को मंजूरी दे दी है। सरकार ने कच्चे जूट (TD-3 ग्रेड) की नई कीमत 5,925 रुपये प्रति क्विंटल तय की है, जो पिछले सीजन के मुकाबले 275 रुपये अधिक है।
मुख्य विवरण:
- मुनाफे की गारंटी: नया एमएसपी उत्पादन लागत पर 61.8% लाभ सुनिश्चित करता है। यह सरकार की उस नीति के अनुरूप है जिसमें एमएसपी को लागत का कम से कम 1.5 गुना रखने का लक्ष्य है।
- ऐतिहासिक वृद्धि: साल 2014-15 में जूट का एमएसपी मात्र 2,400 रुपये था, जो अब बढ़कर 5,925 रुपये हो गया है। पिछले 12 वर्षों में इसमें लगभग 2.5 गुना की वृद्धि दर्ज की गई है।
- सरकारी खरीद: भारतीय जूट निगम (JCI) नोडल एजेंसी के रूप में काम करना जारी रखेगा। खरीद प्रक्रिया में होने वाले किसी भी वित्तीय नुकसान की भरपाई केंद्र सरकार द्वारा की जाएगी।