लोक सभा स्पीकर ओम बिड़ला ने सोमवार को सदन में हंगामा कर रहे विपक्षी सदस्यों को चेतावनी दी कि वे सदन में पोस्टर नहीं दिखाएं। उन्होंने कहा कि ‘मेरी दरियादिली को मेरी कमजोरी नहीं समझें। दरअसल, महंगाई और GST जैसे मुद्दों पर कांग्रेस सहित कुछ विपक्षी दलों के सदस्य हंगामा कर रहे थे। उन्होंने पोस्टर भी लहराए।
देश के 15वें राष्ट्रपति के रूप में द्रौपदी मुर्मू के शपथ ग्रहण समारोह के चलते सोमवार को सदन की कार्यवाही दोपहर 2 बजे से शुरू हुई थी। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने प्रश्नकाल शुरू करने को कहा। लेकिन कांग्रेस सहित कुछ विपक्षी सदस्यों ने नारेबाजी शुरू कर दी। बिड़ला ने हंगामे के बीच ही प्रश्नकाल शुरू कराया। इस दौरान कुछ सदस्यों ने पूरक प्रश्न पूछे और संस्कृति राज्य मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने उनके उत्तर दिये।
इस बीच, विपक्षी सदस्य नारेबाजी करते हुए अध्यक्ष के आसन के समीप आ गए। उनके हाथों में पोस्टर थे। इन पर एलपीजी सिलेंडर सहित जरूरी वस्तुओं की कीमतों में बढ़ोतरी, कई वस्तुओं पर जीएसटी की दरें बढ़ाये जाना, महंगाई जैसे मुद्दों का जिक्र किया गया था।
शोर-शराबा करने वाले सदस्यों से अपने स्थान पर लौटने की अपील करते हुए लोकसभा अध्यक्ष बिड़ला ने कहा, ‘तीन बजे बाद सदन में चर्चा करवाने के लिए तैयार हूं। सरकार चर्चा कराने को तैयार है।’ उन्होंने कहा कि लेकिन यदि पोस्टर ही दिखाना हैं तो तीन बजे बाद सदन के बाहर दिखाइएगा। हंगामे के कारण सदन कार्रवाई शुरू होने के करीब 20 मिनट बाद दोपहर तीन बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
तीन बजे बाद जब सदन की कार्यवाही शुरू हुई तो कुछ सदस्य फिर तख्तियां लेकर आ गए। संसदीय कार्य मंत्री प्रहलाद जोशी ने स्पीकर से कहा कि वे तख्तयां दिखा रहे सदस्यों को डिस्क्वालिफाय कर दें। लगातार हंगामे के बाद सदन की कार्रवाई मंगलवार तक के लिए स्थगित कर दी गई।