अमेरिकी नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के पूर्व सलाहकार जॉन बोल्टन ने अफगानिस्तान में बढ़ते आतंकी नेटवर्क पर चिंता जताई है। उन्होंने एक साक्षात्कार में कहा कि अफगानिस्तान में आईएसआईएस और अलकायदा जैसे आतंकी संगठनों का नेटवर्क तेजी से बढ़ रहा है, यह न सिर्फ अफगानिस्तान बल्कि पूरी दुनिया के लिए खतरे का विषय है। पूरी विश्व को इस बारे में विचार करना चाहिए।
जॉन बोल्टन ने अंतरराष्ट्रीय आंतकी संगठनों के साथ सांठगांठ के लिए तालिबान की भी आलोचना की है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कैसे तालिबान ने पिछले साल अगस्त में काबुल पर कब्जा करने के बाद से आतंकवाद का मुकाबला करने के लिए दोहा समझौते की आवश्यकताओं की अवहेलना की है।
बोल्टन ने कहा कि तालिबान ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि उनके शब्द उस कागज के लायक नहीं हैं, जिस पर वे छपे हैं। उन्होंने न केवल अफगानिस्तान में, बल्कि दुनिया भर में खतरा पैदा कर दिया है।इससे पहले पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ ने SCO की बैठक में अफगानिस्ता की स्थिति को लेकर चिंता जताई थी। उन्होंने कहा कि इस समय अफगानिस्तान को नजरअंदाज करना सही नहीं होगा। ये बहुत बड़ी गलती हो सकती है, क्योंकि पाकिस्तान और अफगानिस्तान की शांति आपस में जुड़ी हुई है।