22 सितंबर से शुरू: प्रधानमंत्री ने घोषणा की कि 22 सितंबर को सूर्योदय के साथ ही “जीएसटी बचत उत्सव” शुरू हो जाएगा, जिससे सभी वर्गों को फायदा होगा।
स्वदेशी पर जोर: पीएम ने जनता से अपील की कि वे “मेड इन इंडिया” सामान ही खरीदें, क्योंकि इससे देश की समृद्धि बढ़ेगी।
सरकार और राज्य मिलकर काम करें: उन्होंने राज्य सरकारों से मैन्युफैक्चरिंग और निवेश बढ़ाने का आग्रह किया ताकि आत्मनिर्भर भारत का सपना पूरा हो सके।
खड़गे का पलटवार: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पीएम के बयान पर हमला करते हुए इसे “गब्बर सिंह टैक्स” बताया और कहा कि 8 साल में भारी टैक्स वसूली के बाद यह बचत उत्सव एक दिखावा है।
नेक्स्ट जनरेशन जीएसटी: पीएम ने कहा कि यह नेक्स्ट जनरेशन जीएसटी है, जो लोगों की बचत बढ़ाएगा।
वन नेशन वन टैक्स: उन्होंने 2014 के बाद जीएसटी लागू करने की अपनी सरकार की उपलब्धि बताई, जिससे ‘वन नेशन वन टैक्स’ का सपना साकार हुआ।
गरीब और मिडिल क्लास को फायदा: पीएम ने दावा किया कि जीएसटी से 25 करोड़ लोगों को गरीबी से बाहर निकलने में मदद मिली है और अब मिडिल क्लास के बाद गरीबों को भी इसका फायदा मिलेगा।
MSME को प्रोत्साहन: उन्होंने कहा कि जीएसटी की दरें कम होने और प्रक्रिया आसान होने से सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों (MSME) को बहुत फायदा होगा, जिससे देश आत्मनिर्भर बनेगा।