मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को उज्जैन की तराना तहसील के बरंडवा ग्राम में आयोजित जैक्सन कंपनी के मेगा सोलर प्लांट के भूमिपूजन समारोह में हिस्सा लिया, जिसमें उन्होंने इस परियोजना को मध्यप्रदेश की दीर्घकालिक विकास संरचना का नया अध्याय घोषित किया।
मेगा प्रोजेक्ट और निवेश
मुख्यमंत्री ने फेज-2 में ₹8,150 करोड़ की दो अत्याधुनिक इकाइयों का भूमिपूजन किया:
- जैक्सन इंटीग्रेटेड: 110 एकड़ भूमि पर ₹7,104 करोड़ की 6 गीगावॉट एकीकृत सोलर उपकरण निर्माण यूनिट।
- जैक्सन इंजीनियरिंग लिमिटेड: ₹1,046 करोड़ की यूनिट।
डॉ. यादव ने स्पष्ट किया कि यह भूमिपूजन सिर्फ उद्योगों का नहीं, बल्कि “हमारे युवाओं के भविष्य का भूमिपूजन है”, जिससे प्रदेश के हजारों युवाओं को गुणवत्तायुक्त और स्थायी रोज़गार अवसर प्राप्त होंगे। उन्होंने कहा कि इन इकाइयों के पूर्ण होने पर उज्जैन जिले का नाम सोलर उपकरण मैन्युफैक्बरिंग के राष्ट्रीय नक्शे पर प्रमुखता से जुड़ जाएगा।
निवेश नीति और औद्योगिक माहौल
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि उज्जैन, देवास और शाजापुर अब प्रदेश का नया ‘इंडस्ट्रियल ट्रायएंगल’ हैं। उन्होंने निवेश को आकर्षित करने वाली राज्य की नीतियों का उल्लेख करते हुए कहा कि:
- मध्यप्रदेश निवेश के लिए देश का पसंदीदा स्थान बन चुका है।
- राज्य में 320 से अधिक औद्योगिक क्षेत्र और 1.25 लाख एकड़ का लैंड बैंक उपलब्ध है।
- तेज़ अनुमति प्रणाली उद्योगों को सेटअप करने में बड़ी सहूलियत दे रही है।
- उन्होंने निवेशकों को आश्वस्त किया: “उद्योग लगाइए, सरकार आपके साथ है।”
अन्य महत्वपूर्ण विकास परियोजनाएँ
- नवीन औद्योगिक पार्क (पीपलरावा-पोलायकला): शाजापुर और देवास जिले में 476 हेक्टेयर से अधिक भूमि पर ₹500 करोड़ से अधिक की लागत से एक विशाल औद्योगिक पार्क विकसित किया जाएगा, जो 50,000 प्रत्यक्ष रोज़गार सहित 1 लाख से अधिक रोज़गार उत्पन्न करेगा।
- MSME पार्क (शाजापुर): 40.470 हेक्टेयर में ₹30.55 करोड़ की लागत से विकसित होने वाला यह पार्क लगभग ₹2,500 करोड़ के संभावित निवेश को आकर्षित करेगा।