उत्तर भारत के मैदानी इलाकों से लेकर पहाड़ों तक कड़ाके की ठंड और कोहरे ने जनजीवन प्रभावित कर दिया है। राजस्थान के माउंट आबू में इस साल पहली बार तापमान 0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिससे ओस की बूंदें बर्फ बन गईं। रेगिस्तानी जिलों बाड़मेर और बीकानेर में भी ठिठुरन बढ़ गई है। सीकर और हनुमानगढ़ सहित 10 जिलों में घने कोहरे का अलर्ट जारी है।
मध्य प्रदेश में भी मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि जनवरी के महीने में 15 से 20 दिन शीतलहर चल सकती है। वर्तमान में भोपाल और इंदौर में बारिश के आसार बने हुए हैं, जबकि आगामी तीन दिनों तक घना कोहरा छाया रहेगा। उत्तराखंड के बद्रीनाथ में न्यूनतम तापमान -13 डिग्री तक गिर गया है, जिससे निचले इलाकों में भी ठंड का प्रकोप बढ़ गया है।
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 48 घंटों में उत्तर और मध्य भारत के राज्यों में मौसम और बिगड़ने वाला है। 4 जनवरी को पंजाब, हरियाणा, यूपी, राजस्थान, बिहार और मध्य प्रदेश समेत 15 राज्यों में घने कोहरे की चेतावनी दी गई है। वहीं 5 जनवरी को जम्मू-कश्मीर, हिमाचल और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बर्फबारी और निचले इलाकों में बारिश की संभावना है।
हरियाणा के अंबाला और करनाल जैसे जिलों में दृश्यता (Visibility) शून्य होने से यातायात पर असर पड़ सकता है। मध्य प्रदेश में जनवरी का दूसरा सप्ताह सबसे ठंडा रहने की उम्मीद है, जहाँ शीतलहर का दौर महीने के अंत तक बना रह सकता है। राजस्थान में बारिश के बाद चली सर्द हवाओं ने पूरे राज्य को ठिठुरा दिया है।