नई दिल्ली: भारत के ऊर्जा क्षेत्र के लिए एक बड़ी राहत की खबर है। कोयला मंत्रालय के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, देश में कोयले का उत्पादन और आपूर्ति मांग की तुलना में काफी अधिक बनी हुई है। इसके परिणामस्वरूप, कोयला खदानों और तापीय ऊर्जा संयंत्रों में कोयले का स्टॉक अपने अब तक के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है।
भंडारण का विस्तृत ब्यौरा:
- कुल उपलब्धता: देश में वर्तमान में कुल 210 मीट्रिक टन कोयला उपलब्ध है, जो लगभग 88 दिनों की जरूरतों के लिए पर्याप्त है।
- कोल इंडिया लिमिटेड (CIL): 1 अप्रैल 2025 को खदानों में 106.78 मीट्रिक टन कोयला था, जो 9 मार्च 2026 तक बढ़कर 121.39 मीट्रिक टन हो गया है।
- अन्य स्रोत: सिंगरेनी कोलियरीज (SCCL) के पास 6.07 मीट्रिक टन और कैप्टिव/वाणिज्यिक खदानों में 15.12 मीट्रिक टन भंडार मौजूद है।
मंत्रालय ने बताया कि गैर-विनियमित क्षेत्र (Non-Regulated Sector) को की जाने वाली आपूर्ति में भी पिछले वर्ष के मुकाबले 14 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।