प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को संसद भवन में पूर्वोत्तर के दो राज्यों, अरुणाचल प्रदेश और नागालैंड के सांसदों से मुलाकात कर वहां आई भीषण बाढ़ का जायजा लिया। इस उच्चस्तरीय बैठक में प्रधानमंत्री ने बाढ़ और उससे उत्पन्न अन्य चुनौतियों पर प्रतिनिधियों के साथ विस्तार से चर्चा की।
संसद परिसर में आयोजित इस बैठक के दौरान प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि संकट की इस घड़ी में केंद्र सरकार राज्य सरकारों के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री पहुंचाने, बचाव अभियानों को तेज करने और पुनर्वास के कार्यों को पूरा करने में केंद्र अपनी ओर से हर संभव सहायता उपलब्ध कराएगा।
बैठक के पश्चात प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जानकारी साझा करते हुए लिखा, “अरुणाचल प्रदेश और नागालैंड के सांसदों के साथ बैठक की। हमने वहां बाढ़ के बाद बनी स्थिति पर बातचीत की। केंद्र सरकार चुनौतियों से निपटने के लिए संबंधित राज्य सरकारों के साथ मिलकर काम करती रहेगी। सभी की भलाई और सुरक्षा के लिए प्रार्थना कर रहा हूं।”
उल्लेखनीय है कि बीते कुछ दिनों से अरुणाचल प्रदेश और नागालैंड में हो रही भारी बारिश के कारण बाढ़ और भूस्खलन की गंभीर समस्याएं पैदा हो गई हैं। कई स्थानों पर मुख्य मार्ग बंद हो गए हैं, रिहाइशी इलाकों एवं घरों में पानी भर गया है तथा फसलों को भी व्यापक नुकसान पहुंचा है, जिससे सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।
ऐसे कठिन समय में प्रधानमंत्री द्वारा सांसदों के साथ की गई यह बैठक केंद्र सरकार की त्वरित कार्यप्रणाली और संवेदनशीलता को दर्शाती है। केंद्र सरकार की ओर से लगातार स्थिति पर नजर रखी जा रही है ताकि प्रभावित लोगों तक प्रशासनिक मदद बिना किसी रुकावट के पहुंचाई जा सके।