कोलंबिया में सोमवार को आए 7.4 तीव्रता के भीषण भूकंप के कारण अब तक 273 लोगों की जान जा चुकी है। नेशनल यूनिट फॉर डिजास्टर रिस्क मैनेजमेंट के निदेशक डेविड तमायो ने स्थिति की पुष्टि करते हुए बताया कि इस प्राकृतिक आपदा से बड़े पैमाने पर जनहानि और नुकसान हुआ है।
एक प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए निदेशक डेविड तमायो ने अद्यतन आंकड़े साझा किए। उन्होंने बताया कि आपदा के चलते 40,753 परिवारों के 97,515 लोग प्रभावित हुए हैं। अब तक दर्ज 273 मृतकों में से 250 शवों को चिकित्सा विभाग में लाया गया है, जिनमें से 227 की पहचान पूरी कर 189 शव उनके परिजनों को सौंप दिए गए हैं। इसके अलावा हादसे में 3,824 व्यक्ति घायल हुए हैं, जबकि 377 लोग अभी भी लापता हैं।
भूकंप के कारण देश के बुनियादी ढांचे को भी गंभीर क्षति पहुंची है। तमायो के अनुसार, 12,584 मकान पूरी तरह नष्ट हो चुके हैं और 74,873 मकानों को आंशिक नुकसान पहुंचा है। सिन्हुआ समाचार एजेंसी के हवाले से दी गई जानकारी में बताया गया कि 172 इमारतें जमींदोज हो गईं, जबकि 2,198 स्कूल एवं शैक्षणिक संस्थान, 825 सामुदायिक भवन, 216 स्वास्थ्य केंद्र और 5 हवाई अड्डे प्रभावित हुए हैं।
आपदा प्रभावित क्षेत्रों में नुकसान के सटीक आकलन के लिए उपग्रह तकनीक और उच्च-गुणवत्ता वाली तस्वीरों (हाई-रिजॉल्यूशन इमेजरी) का सहारा लिया जा रहा है। वहीं धरातल पर खोज और बचाव दल मलबे में दबे लापता नागरिकों की तलाश के लिए श्वान दस्तों (डॉग स्क्वायड) के साथ लगातार राहत कार्य में जुटे हुए हैं।
इस बीच, कोलंबियाई भूवैज्ञानिक सेवा ने जानकारी दी है कि चोको के उत्तर-पश्चिमी विभाग स्थित सैन जोस डेल पालमार में गुरुवार को स्थानीय समयानुसार सुबह 9:42 बजे 4.2 तीव्रता का एक नया झटका महसूस किया गया। यह क्षेत्र सोमवार को आए भूकंप का केंद्र रहा था। मानवीय मामलों के समन्वय के लिए संयुक्त राष्ट्र कार्यालय (ओसीएचए) और उसकी सहयोगी संस्थाएं कोलंबिया सरकार द्वारा चलाए जा रहे राहत अभियानों में सहयोग प्रदान कर रही हैं। ओसीएचए ने अपने दैनिक बुलेटिन में भी रिहायशी व सार्वजनिक बुनियादी ढांचे के बड़े पैमाने पर तबाह होने की पुष्टि की है।