प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को गुजरात के नर्मदा जिले में स्थित एकता नगर के रेन फॉरेस्ट और वहां निर्मित स्काईवॉक की विशेषताओं का उल्लेख करते हुए देशवासियों से यहां आने का आग्रह किया। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर साझा किए गए अपने संदेश में प्रधानमंत्री ने कहा कि एकता नगर का यह वर्षावन आगंतुकों को एक विशिष्ट अनुभव प्रदान करता है। प्रकृति और हरियाली के बीच शांतिपूर्ण समय बिताने के लिए यह उपयुक्त स्थान है। उन्होंने रेखांकित किया कि यहां बना स्काईवॉक प्रमुख केंद्र है, जहां से ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ का विहंगम दृश्य देखा जा सकता है।
यह संदेश राष्ट्रीय एकता दिवस तथा सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती के उपलक्ष्य में एकता नगर में आयोजित कार्यक्रमों के दौरान जारी किया गया। इससे पूर्व प्रधानमंत्री ने स्टैच्यू ऑफ यूनिटी परिसर पहुंचकर सरदार पटेल को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस यात्रा के दौरान उन्होंने क्षेत्र में पर्यटन संवर्धन और बुनियादी ढांचे के विकास से संबंधित कुल 426.71 करोड़ रुपये की 31 परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास संपन्न किया।
स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के समीप लगभग 12 एकड़ क्षेत्र में इस रेन फॉरेस्ट को तैयार किया गया है। पूरे वर्ष प्राकृतिक वर्षावन जैसा वातावरण बनाए रखने के उद्देश्य से यहां कृत्रिम वर्षा की विशेष प्रणाली स्थापित की गई है। इसके लिए 20 रेन गन टावर, झरने, बबल फाउंटेन और सघन हरियाली का संयोजन किया गया है। साथ ही परिसर में देश के विभिन्न भूभागों से लाए गए पेड़-पौधे रोपे गए हैं।
इस परियोजना का मुख्य केंद्र बिंदु गोलाकार आकार में बना कांच का स्काईवॉक है। इसे 35 मिलीमीटर मोटे 132 कांच के पैनलों की मदद से निर्मित किया गया है। इस पारदर्शी रास्ते पर चलते हुए पर्यटक अपने नीचे फैले वन क्षेत्र का प्रत्यक्ष दृश्य देख सकते हैं। यहां आगंतुकों को समृद्ध जैव विविधता और विभिन्न वन पारिस्थितिकी तंत्रों की जानकारी भी उपलब्ध कराई जाती है। राज्य सरकार के रिकॉर्ड के अनुसार, इस पूरे रेन फॉरेस्ट निर्माण पर 14.30 करोड़ रुपये का व्यय हुआ है।
दौरे के क्रम में प्रधानमंत्री ने एकता नगर पर्यटन सर्किट का हिस्सा बनी ‘वामन वृक्ष वाटिका’ का भी अवलोकन किया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य स्टैच्यू ऑफ यूनिटी आने वाले पर्यटकों के लिए आसपास नए दर्शनीय स्थलों और अनुभवों का विस्तार करना है। विकास कार्यों की कड़ी में प्रधानमंत्री ने 307.83 करोड़ रुपये की लागत वाली 23 परियोजनाओं का उद्घाटन किया, जिनमें 50 करोड़ रुपये का आईआरसीटीसी होटल, 16 करोड़ रुपये की एकता क्रूज सेवा और 3.67 करोड़ रुपये की इको ट्रेल शामिल हैं। इसके अतिरिक्त 118.88 करोड़ रुपये की आठ नई परियोजनाओं की आधारशिला रखी गई, जिनमें गोरा-भनद्रा मार्ग, स्मार्ट जीरो-वेस्ट एकीकृत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, खलवानी इको-टूरिज्म और एकीकृत कैक्टस एवं बटरफ्लाई गार्डन प्रमुख हैं।
प्रधानमंत्री शनिवार शाम 5:30 बजे राष्ट्रीय एकता दिवस के मुख्य समारोह में शिरकत करेंगे। इस आयोजन में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ), विभिन्न राज्यों की पुलिस और केंद्रीय पुलिस संगठनों के जवानों द्वारा एकता परेड प्रस्तुत की जाएगी। इसके साथ ही राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय की ओर से ‘नक्सल मुक्त भारत’ विषय पर केंद्रित एक विशेष नाटक का मंचन होगा, जिसमें वामपंथी उग्रवाद प्रभावित 126 जिलों के लगभग 2,000 कलाकार भाग लेंगे। समारोह के दौरान ‘वंदे मातरम’ विषय पर आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रमों और झांकियों में देशभर के करीब 5,000 कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे।