छत्तीसगढ़ में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 5 हजार 525 नए मरीज मिले हैं। 8 मरीजों की मौत हो गई है. जनवरी महीने में मौत का अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है। वहीं रायपुर में कोरोना के 1579 नए मरीज मिले हैं। छत्तीसगढ़ में कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए 18 जनवरी से होने वाली लाइनमैन भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा स्थगित कर दी गई है। पॉवर कंपनी में 3 हजार पदों पर भर्ती होनी है। कोरोना संक्रमण बेकाबू होने के साथ ही प्रशासनिक सख्ती बढ़ने लगी है। रायपुर जिला प्रशासन ने ऐसे 19 लोगों को चिन्हित किया है, जो होम आइसोलेशन का उल्लंघन करते पाए गए हैं। इन लोगों पर महामारी कानून के तहत FIR कराने की तैयारी है। इधर, कृषि मंत्री रविंद्र चौबे ने कहा- अभी यह संक्रमण सामान्य सर्दी-खांसी जैसा ही दिख रहा है। लोगों को पैनिक होने अथवा दहशत में आने की जरूरत नहीं है।
रायपुर कलेक्टर सौरभ कुमार ने शुक्रवार को नोडल अधिकारियों के साथ हालात की समीक्षा की। इस दौरान बताया गया कि अभी भी बहुत से लोग बिना मास्क लगाए घूम रहे हैं। कई लोगों ने कोरोना पॉजिटिव आने के बाद भी होम आइसोलेशन के लिए पंजीयन नहीं करा रहे हैं। जांच के समय गलत पता और मोबाइल नंबर दर्ज कराया है। रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद उनसे संपर्क नहीं हो पा रहा है। कलेक्टर ने ऐसे लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। बताया जा रहा है, रायपुर, आरंग, तिल्दा और अभनपुर के ऐसे 19 लोगों को चिन्हित किया गया है। अब उन पर महामारी कानून के अलावा IPC की धाराओं में FIR कराई जाएगी।
इस बीच रायपुर जिले के प्रभारी मंत्री रविंद्र चौबे ने कहा, व्यापक संक्रमण होने के बावजूद भी अभी लोग हॉस्पिटल नहीं जा रहे हैं। इसका मतलब है कि इसमें पैनिक होने की कोई जरूरत नहीं है। दहशत में आने की जरूरत नहीं है। चौबे ने कहा, बेहद साधारण सर्दी-खांसी जैसा यह संक्रमण दिख रहा है। मैं समझता हूं कि जितनी जल्दी आया है उतनी ही जल्दी चला भी जाएगा।
कृषि मंत्री ने कहा, पिछले दिनों रायपुर जिले के हालात की समीक्षा की थी। लोगों को हॉस्पिटलाइज्ड कम हो रहे हैं। ऑक्सीजन बेड की जरूरत ही नहीं पड़ रही है। वेंटिलेटर का तो सवाल ही पैदा नहीं हो रहा। चौबे ने कहा, जो लोग खुद जांच कर संतुष्ट हो रहे हैं तो उसपर कोई प्रश्नचिन्ह नहीं लगाना चाहता। कोरोना के प्रोटोकॉल का सबको पालन करना चाहिए।
कोरोना के खिलाफ रायपुर में आज टीकाकरण का महाभियान है। इसमें 312 केंद्रों पर किशोरों, बुजुर्गों, स्वास्थ्य कर्मियों और फ्रंट लाइन वर्कर को टीका लगना शुरू हो गया है। इसके लिए स्वास्थ्य, शिक्षा, राजस्व, पंचायत, नगरीय प्रशासन विभागों के तीन हजार कर्मचारी लगाए गए हैं
रायपुर जिला प्रशासन ने कोरोना ड्यूटी पर नहीं आए 121 कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इसमें से 120 कर्मचारियों को कोरोना की कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग के काम में लगाया गया था। उनको सर्किट हाउस के ऑडिटोरियम में बुलाया गया था, लेकिन वे नहीं पहुंचे। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अभनपुर की काउंसलर गरिमा साहू को भी कारण बताओ नोटिस जारी हुआ है। गरिमा को होम आइसोलेशन कंट्रोल रूम में ड्यूटी के लिए बुलाया गया था। नहीं आने की स्थिति में नोटिस जारी कर तीन दिनों के भीतर जवाब देने को कहा गया है।