रूस के डिफेंस मिनिस्टर सर्गेई शोइग्यू ने रविवार को एक अहम बयान दिया। कहा- भीषण संघर्ष के बाद हमारी फौज ने यूक्रेन के लिसिचांस्क और लुहांस्क क्षेत्र को कब्जे में ले लिया है। लिसिचांस्क में कब्जे के बाद यहां जंग थम चुकी है। लुहांस्क पर बहुत जल्द पूरा कंट्रोल होगा। इसके आसपास कई कस्बे और गांव हैं। यहां भी हमने कब्जा कर लिया है।
रूस के इस दावे को सच माना जा सकता है। इसकी वजह यह है कि महज दो दिन पहले यूक्रेन के राष्ट्रपति वोल्दोमिर जेलेंस्की ने दावा किया था कि इन दोनों शहरों पर रूस कब्जा करने के करीब है।रूस-यूक्रेन जंग को 4 महीने से ज्यादा हो चुके हैं। हमले अब भी जारी हैं। मेलिटोपोल में यूक्रेनी सेना ने पलटवार करते हुए रूस के मिलिट्री बेस पर हमला किया है। यूक्रेनी सैनिकों ने यहां एक के बाद एक 30 मिसाइलें दागीं।
रूस ने युक्रेन के उत्तरी और दक्षिणी शहरों में भी मिसाइलें दागी हैं। रूस की तरफ से किए गए हवाई हमलों में उत्तरी शहर खार्किव में रेलवे ट्रैक और बिजली की लाइनें क्षतिग्रस्त हो गईं है। दक्षिणी शहर मायकोलाइव पर रूसी सेना ने भारी बमबारी की है। शहर के मेयर ने लोगों से शेल्टर में रहने की अपील की है।
रूसी रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि उनकी वायु सेना ने यूक्रेन की पांच कमांड पोस्ट और गोला-बारूद के कई ढेर को तबाह कर दिया है। लेकिन मंत्रालय के इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।रूस ने पूर्वी यूक्रेन में दो और ब्रिदिश नागरिकों को गिरफ्तार किया है। इन दोनों पर पैसों के बदले यूक्रेन के तरफ से लड़ने का आरोप है। रूसी मीडिया के मुताबिक इन दोनों को मौत की सजा दी जा सकती है। पिछले महीने रूस के नियंत्रण वाले डोनेट्स्क में अधिकारियों ने दो ब्रिटिश और एक मरोक्कन नागरिक को ऐसे ही आरोपों में मौत की सजा सुनाई थी।