पश्चिम बंगाल की CM ममता बनर्जी ने गुरुवार को ऐलान किया कि बिहार CM नीतीश कुमार, झारखंड CM हेमंत सोरेन, अखिलेश यादव और बाकी दूसरे नेता भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ 2024 का आम चुनाव उनके साथ मिलकर लड़ेंगे। इस ऐलान के वक्त ममता ने कांग्रेस या उससे जुड़े किसी भी नेता का नाम नहीं लिया, ऐसे में यह माना जा रहा है कि ममता और कांग्रेस के रिश्ते बिगड़ गए हैं।ममता ने कहा- मीडिया में कुछ लोग हैं जो TMC की छवि धूमिल करना चाहते हैं। लेकिन झूठी खबरें हमेशा नहीं चल सकतीं न हमेशा चलेंगी। सूत्रों के हवाले से खबर दिखा रहे हैं कि इस व्यक्ति का घर इतने गहने मिले हैं लेकिन क्या अभी तक अदालत में ये साबित हुआ है? हम कानून में यकीन रखते हैं। टीआरपी हमेशा हाई नहीं होगी। हर चुनाव में वे कुछ न कुछ लेकर आते हैं।”TMC के सीनियर नेता अनुब्रत मंडल की पेशी पर ममता ने कहा- “अगर आपको लगता है तो आप अनुब्रत को जेल में रखकर उनकी सीट हथिया लेंगे तो आप गलत हैं। ऐसा कभी नहीं होगा।” ममता ने यह भी कहा कि बीरभूम हारना जानता ही नहीं है और हम सब मिलकर इसे साबित कर देंगे। आप सबको उन्हें बाइज्जत वापस लाने के लिए तैयार रहना होगा। उन्होंने सभी विधायकों को अनुब्रत मंडल की वापसी तक तीन बार लड़ने की अपील की। अनुब्रत बीरभूम में जिले के TMC प्रमुख हैं।
ममता ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए ED और CBI भाजपा सरकार का पालतू बताया, जो हर दिन सुबह उठकर TMC नेताओं के घर छापा मारने जाते हैं। ममता ने कहा कि “अगर आप हमसे लड़ना चाहते हैं तो हमारे साथ राजनीतिक रूप से लड़ें। 2021 में आपने मेरा पैर तोड़ा तो यह वास्तव में बुरा था, लेकिन आज मैं अपनी मानसिक शक्ति के साथ काम कर सकती हूं। मैं कहना चाहती हूं कि चोट खाया जानवर उस जानवर से ज्यादा खतरनाक है जिसे चोट नहीं लगी है। मैं तब तक किसी को चोट नहीं पहुंचाती जब तक कोई मेरा नुकसान न करे।