मुख्यमंत्री भूपेश बघेल बुधवार को बस्तर जिले के गिरोला गांव पहुंचकर हिंगलाजिन देवी के दरबार में मत्था टेककर क्षेत्र की खुशहाली की कामना की है। जिसके बाद गिरोला में आयोजित आम सभा में पहुंचकर मंच से जिले वासियों को करीब 133 करोड़ रुपए के 98 विकास कार्यों की सौगात दी है।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि, बस्तर में जिस तरह से मांझी, चालाकी को मानदेय दिया जाता है। अब उसी तरह गायता पुजारी, सिरहा-गुनिया को सालाना 7 हजार रुपए मानदेय दिया जाएगा। ये मानदेय पूरे देश में सिर्फ अब छत्तीसगढ़ में मिलेगा। बस्तर के आदिवासी BJP की सरकार में महुआ सड़कों पर फेंकते थे। लेकिन हमारी सरकार ने कोरोना जैसी महामारी के समय मे भी 30 रुपए किलो में खरीदा है। तेंदूपत्ता का हम 4 हजार मानक बोरा हम दे रहे हैं।मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भाजपा पर भी तंज कसा है। उन्होंने कहा कि, पिछली सरकार में आदिवासियों को फर्जी केस में जेल में ठूंसने का काम हुआ। लेकिन, जब हमारी सरकार आई तो हमने जेल में बंद आदिवासियों को छुड़वाया। आज सैकड़ों आदिवासी बाहर हैं। भाजपा की सरकार में आदिवासी गांव और पूरा बस्तर छोड़ने के लिए बाध्य थे। लेकिन अब अपने गांव में खुशी से रह रहे हैं। बस्तर में आज एक भी फर्जी एनकाउंटर नहीं हो रहा है। CM ने कहा कि, इस साल सबसे कम नक्सल घटनाएं हुई हैं। बस्तर में शांति लौट रही है।