मध्यप्रदेश में महत्वाकांक्षी चीता प्रोजेक्ट को शुक्रवार को एक बार फिर बड़ा झटका लगा है। एक और चीता सूरज की मौत हो गई। दो दिन पहले ही चीता तेजस ने दम तोड़ा था। कूनो नेशनल पार्क में लाए गए नामीबिया और अफ्रीकी चीतों में से अब तक की यह 8वीं मौत है। अब तक जो चीतें मृत हुए इनमें पांच वयस्क और तीन शावक चीते शामिल हैं। गौरतलब है कि 17 सितंबर 2022 को पीएम मोदी ने श्योपुर के कूनो नेशनल पार्क के बाड़े में नामीबिया से लाए गए चीतों को छोड़ा था।
श्योपुर स्थित कूनो नेशनल पार्क में 26 जून को सूरज को बड़े बाड़े से खुले जंगल में छोड़ा गया था। सूरज 10वां चीता था, जो कूनो नेशनल पार्क के खुले जंगल में आजाद किया गया था। वहीं दक्षिण अफ्रीका से लाए गए और बाड़े नंबर 6 में रखे गए नर चीता तेजस की मौत भी 11 जुलाई को हो गई थी।
गौरतलब है कि कूनो नेशनल पार्क में चीता पुनरुत्थान के लिए नामीबिया और साउथ अफ्रीका से 20 चीते लाए गए थे। अब तक 5 व्यस्त और 3 शावकों की मौत हो चुकी है। इसके बाद कूनो में 15 व्यस्क चीते और एक शावक स्वस्थ अवस्था में है। इनमें से 12 चीतों को कूनो के खुले जंगल में छोड़ दिया गया है। वहीं चार चीते और एक शावक अभी भी बाड़े में हैं।