छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आरोप लगाते हुए कहा कि ईडी, सीबीआई, आईटी और डीआरआई जैसी एजेंसियां लोकतंत्र के लिए खतरा बन गई हैं। उनका आरोप है कि भाजपा और केंद्र में बैठी सरकार इसका दुरुपयोग कर रही है।साथ ही यह भी कहा, महादेव ऐप के नाम पर राज्य सरकार को बदनाम करने की साजिश रची जा रही है। सीएम ने इसके तीन उदाहरण भी गिनाएं। साथ ही उन्होंने कहा, कांग्रेस रमन सरकार के घोटालों की सूची ईडी को देगी और कार्रवाई की मांग करेगी। यदि ईडी कार्रवाई नहीं करती है, तो कांग्रेस के कार्यकर्ता ईडी दफ्तर के बाहर धरना देंगे।एसईसीएल जो खुद ही कोयला का उत्खनन करता है। आज अडानी को रायगढ़ में 20 सालों के लिए खदान दिया गया है। छत्तीसगढ़ में बहुत सारे खदानें हैं, जो उन्हें दी गई है। एनएमसीडी को कितनी बार निरस्त करने के लिए पत्र लिखा, लेकिन आज चार साल से अधिक हो गया, उसे निरस्त नहीं किया गया। इसका मतलब यह है कि भाजपा को वोट देना सीधी बात है कि अडानी को छत्तीसगढ़ को सौंप देना। आज जो कार्रवाई हो रही है केवल इसीलिए कि उनको हम कोयला खदान नहीं दे रहे।सीएम ने कहा, केंद्र की रिपोर्ट के मुताबिक 23 फीसदी लोग शौचालय का उपयोग नहीं कर रहे हैं। इसके बावजूद ओडीएफ घोषित हो गया। यानी अभी 13 लाख शौचालय नहीं बने हैं। यदि एक शौचालय की कीमत 12500 है और इसका गुणा करें, तो करीब 1500 करोड़ का घोटाला हुआ है। हम ईडी से इसकी जांच की मांग करेंगे। रतनजोत को लेकर भी सीएम ने कहा, इसकी जांच कब होगी। रमन सिंह की संपत्ति 18 गुना बढ़ी है। इसकी जांच कब होगी। नान घोटाले की जांच नहीं हो रही है।