लोकतंत्र के सबसे बड़े उत्सव (लोकसभा चुनाव) में अब 2 दिन ही बाकी हैं। ज्यादा से ज्यादा लोग इसमें शामिल हों, इसके लिए जिले में पारंपरिक लेकिन प्रभावी तरीका अपनाया जा रहा है। पुराने जमाने में शादी-ब्याह में बुलाने के लिए लोगों को पीले चावल देने का रिवाज था। गरियाबंद में मतदान का निमंत्रण भी इसी तर्ज पर दिया जा रहा है। प्रशासनिक अमला घर-घर जाकर लोगों को पीले चावल देते हुए 26 अप्रैल को वोट देने मतदान केंद्र आने का न्यौता दे रहा है।
अनोखे आमंत्रण का ये सिलसिला लगातार 15 दिनों से जारी है। लोगों को मतदान के लिए बुलाने का ये काम जिले की सभी 335 ग्राम पंचायतों और पांचों नगरीय निकायों में करीब-करीब पूरा हो चुका है। इधर, जिले में मुनादी भी शुरू करवाई गई है। इसके तहत जिले के पांचों नगरीय निकायों में लाउड स्पीकर के जरिए लोगों को मतदान की तारीख और एक-एक वोट का महत्व समझाया जा रहा है। वहीं, 335 ग्राम पंचायतों में कोटवारों से मुनादी करवाकर गांववालों को मतदान से जुड़ी जरूरी जानकारियां दी जा रही हैं। बुधवार शाम 6 बजे लाउड स्पीकर के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगने से पहले तक अभियान के जरिए लोगों को उनके कर्तव्यों और अधिकारों के बारे में जागरूक किया जाएगा।