भोपाल। राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने शुक्रवार को मोतीलाल विज्ञान महाविद्यालय में आयोजित स्वदेशी मेले में नागरिकों और व्यापारियों को संबोधित करते हुए ‘आत्मनिर्भर भारत’ के लिए स्वदेशी उत्पादों को अपनाने पर ज़ोर दिया।
उन्होंने इस अवसर पर देश और जन-कल्याण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त करते हुए कहा, “हम ‘दिन चार रहें न रहें, माँ भारती तेरा वैभव अमर रहे’ के भाव से प्रयास कर रहे हैं।” राज्यपाल ने सबके विश्वास, साथ और प्रयासों से स्वदेशी को आगे बढ़ाने की ज़रूरत बताई और कहा कि न केवल स्वयं स्वदेशी का उपयोग करें, बल्कि दूसरों को भी प्रेरित करें और बच्चों में इसके संस्कार डालें।
राज्यपाल पटेल ने मेले की संकल्पना की सराहना करते हुए कहा कि यह गुणवत्तापूर्ण स्वदेशी वस्तुओं को सीधे उपभोक्ताओं तक पहुँचाने का एक सराहनीय मंच है। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कथन को याद किया कि भारत तभी सशक्त बनेगा जब वह अपने संसाधनों, कौशल और क्षमता पर विश्वास करेगा। उन्होंने स्वदेशी जागरण मंच के प्रयासों को अटल जी के सपनों को साकार करने की दिशा में एक सार्थक पहल बताया। उन्होंने जनता से आग्रह किया कि मंच के नारे “जब भी जाओ बाज़ार, स्वदेशी लाओ” को वर्ष भर याद रखें।
कार्यक्रम की शुरुआत में, राज्यपाल ने दीनदयाल उपाध्याय और दत्तोपंत ठेंगड़ी के चित्रों पर पुष्पांजलि अर्पित की। इस अवसर पर अतिथियों का ब्रह्मोस प्रक्षेपास्त्र की प्रतिकृति भेंट कर स्वागत किया गया। स्वदेशी जागरण मंच के पदाधिकारियों श्री सतीश कुमार और श्री दीपक वर्मा ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।