विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने शुक्रवार को IIT मद्रास के एक कार्यक्रम में भारत की विदेश नीति और सुरक्षा चुनौतियों पर बेबाकी से अपनी बात रखी। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि पड़ोसी हमेशा अच्छे नहीं होते और दुर्भाग्य से भारत के पास कुछ ऐसे पड़ोसी हैं जो जानबूझकर आतंकवाद को बढ़ावा देते हैं। जयशंकर ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि यदि कोई देश बिना पछतावे के आतंकवाद जारी रखता है, तो भारत को अपने नागरिकों की रक्षा करने का पूरा अधिकार है। उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत अपनी सुरक्षा के लिए क्या कदम उठाएगा, यह पूरी तरह भारत का फैसला होगा और कोई बाहरी शक्ति हमें यह नहीं बता सकती कि हमें क्या करना चाहिए।
अरुणाचल प्रदेश के मुद्दे पर चीन को आड़े हाथों लेते हुए विदेश मंत्री ने कहा कि अरुणाचल भारत का अभिन्न हिस्सा है और रहेगा। उन्होंने शंघाई एयरपोर्ट पर अरुणाचल की एक महिला के साथ चीनी अधिकारियों द्वारा किए गए दुर्व्यवहार पर कड़ी आपत्ति जताई। बांग्लादेश का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि भारत अच्छे पड़ोसियों की मदद के लिए हमेशा तैयार रहता है और जहाँ सद्भावना होती है, वहाँ भारत निवेश और सहयोग को प्राथमिकता देता है।