भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रालय में हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में प्रदेश के विकास और सरकारी कर्मचारियों के हित में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। सरकार ने जनजातीय कार्य और महिला एवं बाल विकास विभाग की योजनाओं को वर्ष 2030-31 तक जारी रखने के लिए 7,133 करोड़ 17 लाख रुपये के बजट को हरी झंडी दे दी है।
योजनावार बजट आवंटन:
- पीवीटीजी आहार अनुदान: 2,350 करोड़ रुपये।
- एकीकृत छात्रावास योजना: 1,703 करोड़ 15 लाख रुपये।
- सीएम राइज स्कूल: 1,416 करोड़ 91 लाख रुपये।
- आवास सहायता: 1,110 करोड़ रुपये।
- छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति: 522 करोड़ 8 लाख रुपये।
- कोविड-19 बाल सेवा योजना: 31 करोड़ 3 लाख रुपये।
पेंशन नियमों में सुधार: कैबिनेट ने ‘मध्यप्रदेश सिविल सेवा (पेंशन) नियम 2026’ को मंजूरी दी है। अब परिवार पेंशन के दायरे में अविवाहित, विधवा और तलाकशुदा बेटियों को भी शामिल किया गया है। साथ ही, राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (NPS) के कार्यान्वयन और उपदान (Gratuity) के लिए नए नियम 1 अप्रैल 2026 से लागू होंगे। इसमें सरकारी सेवक की मृत्यु की स्थिति में परिवार पेंशन और स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति जैसे स्पष्ट प्रावधान शामिल किए गए हैं।