केंद्र सरकार ने सोमवार को एक महत्वपूर्ण प्रेस ब्रीफिंग में पश्चिम एशिया के तनावपूर्ण माहौल के बीच भारतीय जहाजों और नागरिकों की सुरक्षा को लेकर विस्तृत जानकारी साझा की। पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय के विशेष सचिव राजेश कुमार सिन्हा ने स्पष्ट किया कि होर्मुज जलडमरूमध्य (स्ट्रेट ऑफ होर्मुज) के पश्चिमी क्षेत्र में वर्तमान में भारतीय ध्वज वाले 22 जहाज मौजूद हैं, जिन पर सवार सभी 611 नाविक सुरक्षित हैं।
आपूर्ति और जहाजों की स्थिति: विशेष सचिव ने बताया कि ‘शिवालिक’ नामक एलपीजी कैरियर फारस की खाड़ी से रवाना होकर होर्मुज स्ट्रेट को सफलतापूर्वक पार कर चुका है। बंदरगाह पर इसकी डॉकिंग के लिए प्राथमिकता के आधार पर सारी कागजी औपचारिकताएं और बर्थिंग व्यवस्थाएं पहले ही पूरी कर ली गई हैं ताकि गैस उतारने में कोई देरी न हो। इसके अतिरिक्त, 14 मार्च को यूएई से रवाना हुआ कच्चा तेल वाहक जहाज ‘जग लाडकी’ (81 हजार टन मुरबान क्रूड के साथ) कल यानी 17 मार्च को मुंद्रा बंदरगाह पहुंचेगा।
सुरक्षा निगरानी: सरकार ने आश्वासन दिया है कि पिछले 24 घंटों में किसी भी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली है। भारतीय अधिकारी हर जहाज और उनके चालक दल के साथ निरंतर संपर्क बनाए हुए हैं और स्थिति की पल-पल निगरानी की जा रही है।