1 अप्रैल, 2026 को भारतीय शेयर बाजार में जोरदार तेजी देखने को मिली। सेंसेक्स 2,000 अंक की उछाल के साथ 73,900 के स्तर पर कारोबार कर रहा है, जो लगभग 2.70% की बढ़त दर्शाता है। इसी तरह, निफ्टी में भी लगभग 600 अंकों (2.70%) की बढ़त रही और यह 22,950 के पास ट्रेड कर रहा है। सेंसेक्स के सभी 30 कंपनियों के शेयरों में तेजी रही। आज खास तौर पर ऑटो, IT, मेटल और बैंकिंग सेक्टर के शेयरों में सबसे अधिक खरीदारी देखने को मिली।
तेजी के कारण
- मिडिल ईस्ट का तनाव कम होने के संकेत: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि ईरान के साथ जारी तनाव अगले 2-3 हफ्तों में खत्म हो सकता है। उनका कहना है कि अमेरिका ने अपना लक्ष्य हासिल कर लिया है और ऑपरेशन अंतिम चरण में है।
- ग्लोबल मार्केट से मिले सकारात्मक संकेत: दुनिया के प्रमुख बाजारों में तेजी ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया। एशियाई बाजारों में शुरुआती कारोबार में अधिकांश इंडेक्स हरे निशान में रहे।
एशियाई बाजारों की स्थिति:
- जापान का निक्केई इंडेक्स 4% बढ़कर 53,160 पर।
- साउथ कोरिया का कोस्पी इंडेक्स 6% बढ़कर 5,370 पर।
- हांगकांग का हैंगसेंग इंडेक्स 2% बढ़कर 25,280 पर।
- चीन का शंघाई कंपोजिट 1.50% बढ़कर 3,940 पर।
अमेरिकी बाजार में पिछले दिन की तेजी:
- डाउ जोन्स 1,125 अंक (2.49%) बढ़कर 46,341 पर बंद।
- नैस्डैक कंपोजिट 3.83% बढ़कर 21,590 पर।
- S&P 500 इंडेक्स 184 अंक (2.91%) बढ़कर 6,528 पर।
कच्चे तेल में बढ़त:
तेल के दाम 1% बढ़कर 105 डॉलर प्रति बैरल पर पहुँच गए हैं। 28 फरवरी को युद्ध शुरू होने से पहले कच्चे तेल की कीमत लगभग 70 डॉलर थी।
पिछली गिरावट:
30 मार्च को सेंसेक्स 1,636 अंक (2.22%) की गिरावट के साथ 71,948 पर बंद हुआ था, वहीं निफ्टी 488 अंक (2.14%) गिरकर 22,331 पर बंद हुआ था। 31 मार्च को महावीर जयंती के चलते बाजार बंद रहा।