प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को 21वीं सदी का सबसे महत्वपूर्ण निर्णय बताते हुए घोषणा की है कि इसके पूर्ण क्रियान्वयन के लिए 16 अप्रैल से संसद का तीन दिवसीय विशेष सत्र शुरू होगा। नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित ‘नारी शक्ति वंदन सम्मेलन’ को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि अब विधानसभा और लोकसभा में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें आरक्षित होने का मार्ग प्रशस्त हो गया है। उन्होंने इस अवसर को एक नए युग की शुरुआत बताया।
इस कार्यक्रम में भोपाल से वर्चुअली शामिल हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश में ‘नारी शक्ति वंदन पखवाड़ा’ (10 से 25 अप्रैल) मनाने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने बताया कि अधिनियम की भावना को जन-जन तक पहुँचाने के लिए सभी जनप्रतिनिधियों को पत्र लिखे गए हैं। मध्यप्रदेश सरकार का लक्ष्य है कि वर्ष 2029 के लोकसभा और आगामी विधानसभा चुनाव महिला आरक्षण के पूर्ण क्रियान्वयन के साथ संपन्न हों, ताकि शासन में महिलाओं की प्रत्यक्ष भागीदारी सुनिश्चित हो सके।