घरेलू शेयर बाजार में गिरावट: सेंसेक्स 200 अंक लुढ़का, निफ्टी भी 23,500 के स्तर पर आया
सप्ताह के पहले कारोबारी दिन यानी सोमवार, 1 जून को भारतीय शेयर बाजार में मंदी का रुख देखने को मिल रहा है। शुरुआती कारोबार में बंबई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का सूचकांक सेंसेक्स 200 अंकों की कमजोरी के साथ 74,550 के स्तर पर ट्रेंड कर रहा है। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का सूचकांक निफ्टी भी लगभग 100 अंक टूटकर 23,500 के आंकड़े पर पहुंच गया है। आज के बाजार में सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) क्षेत्र के शेयरों में जहां तेजी देखी जा रही है, वहीं फास्ट-मूविंग कंज्यूमर गुड्स (एफएमसीजी) सेक्टर में बिकवाली का दबाव बना हुआ है।
वैश्विक बाजारों की बात करें तो एशियाई बाजारों में आज मजबूती का माहौल है। दक्षिण कोरिया के शेयर बाजार ‘कोस्पी’ में 4.42 प्रतिशत (375 अंक) का बड़ा उछाल दर्ज किया गया है और यह 8,866 के स्तर पर पहुंच गया है। इसके अलावा, जापान का ‘निक्केई’ सूचकांक 1.04 प्रतिशत यानी 705 अंक बढ़कर 67,038 पर और हॉन्गकॉन्ग का ‘हैंगसेंग’ 0.72 प्रतिशत यानी 215 अंकों की बढ़त के साथ 25,397 के स्तर पर कारोबार कर रहा है। इससे पहले, बीते शुक्रवार को अमेरिकी शेयर बाजार भी बढ़त के साथ बंद हुए थे, जिसमें डाउ जोन्स 0.72 प्रतिशत, नैस्डैक 0.20 प्रतिशत और एसएंडपी 500 सूचकांक 0.22 प्रतिशत मजबूत हुआ था।
घरेलू बाजार में पिछले एक महीने के दौरान विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII/FPI) की तरफ से भारी बिकवाली देखी गई है। आंकड़ों के अनुसार, बीते 30 दिनों में विदेशी निवेशकों ने बाजार से 55,963 करोड़ रुपये (करीब 56 हजार करोड़) के शेयर बेचे हैं, जबकि पिछले 7 दिनों में यह आंकड़ा 24,557 करोड़ रुपये रहा है। इसके विपरीत, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने बाजार को संभालने का प्रयास किया है और पिछले 30 दिनों में 82,669 करोड़ रुपये तथा पिछले 7 दिनों में 21,947 करोड़ रुपये की लिवाली की है। ताजा सत्र में भी डीआईआई ने 16,764 करोड़ की खरीदारी की, जबकि एफआईआई ने 21,106 करोड़ के शेयर बेचे।
इससे पहले, पिछले कारोबारी सत्र यानी शुक्रवार, 29 मई को भी भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट आई थी। उस दिन सेंसेक्स 1092 अंकों की बड़ी गिरावट के साथ 74,775 के स्तर पर बंद हुआ था। साथ ही, निफ्टी भी 359 अंक टूटकर 23,547 के स्तर पर आ गया था। उस गिरावट में सबसे ज्यादा नुकसान मेटल और ऑटोमोबाइल सेक्टर के शेयरों को उठाना पड़ा था, जिसने बाजार के सेंटिमेंट को प्रभावित किया और मंदी का यह सिलसिला आज सोमवार को भी जारी रहा।