पुर्तगाल के दिग्गज फुटबॉल कप्तान क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में एक नया कीर्तिमान स्थापित कर दिया है। 41 वर्षीय रोनाल्डो ने ह्यूस्टन स्टेडियम में उज्बेकिस्तान के खिलाफ खेले गए मुकाबले के छठे मिनट में पहला गोल दागकर यह ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। इसके बाद उन्होंने मैच के 39वें मिनट में अपना दूसरा गोल भी दागा। रोनाल्डो के इन दो महत्वपूर्ण गोलों की बदौलत पुर्तगाल ने उज्बेकिस्तान पर 5-0 से एकतरफा जीत दर्ज की।
इस शानदार प्रदर्शन के साथ ही क्रिस्टियानो रोनाल्डो विश्वकप इतिहास में पुर्तगाल की तरफ से सर्वाधिक गोल करने वाले फुटबॉलर भी बन गए हैं। अब उनके नाम वर्ल्डकप में कुल 10 गोल दर्ज हो चुके हैं। इस मामले में उन्होंने पुर्तगाल के महान स्ट्राइकर यूसेबियो के 9 गोलों के पिछले रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। रोनाल्डो ने साल 2006, 2010, 2014, 2018, 2022 और अब मौजूदा 2026 के विश्वकप टूर्नामेंट में गोल करने का अनोखा गौरव प्राप्त किया है। उनके बाद अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी का नंबर आता है, जिन्होंने 2010 को छोड़कर 2006, 2014, 2018, 2022 और 2026 के विश्वकप में गोल किए हैं। मौजूदा टूर्नामेंट के पहले मैच में डीआर कांगो के खिलाफ रोनाल्डो खाता नहीं खोल पाए थे, लेकिन अब उनके नाम इस प्रतियोगिता में 2 गोल हो चुके हैं।
मुकाबले की बात करें तो पुर्तगाल की टीम शुरुआत से ही आक्रामक रणनीति के साथ मैदान पर उतरी। मैच के चौथे मिनट में नूनो मेंडेस के क्रॉस पर रोनाल्डो मौका चूक गए थे, परंतु छठे मिनट में उन्होंने जोआओ कैंसिलो के लो क्रॉस पर बेहतरीन राइट-फुटेड शॉट मारकर गेंद को नेट में डाल दिया और इतिहास रच दिया। इसके बाद 14वें मिनट में उज्बेकिस्तान के खामरोबेकोव द्वारा पेड्रो नेटो को फाउल करने पर पुर्तगाल को फ्री-किक मिली। सभी को उम्मीद थी कि रोनाल्डो शॉट लेंगे, लेकिन उन्होंने गेंद छोड़ दी और नूनो मेंडेस ने 17वें मिनट में लो शॉट के जरिए स्कोर 2-0 कर दिया।
मैच के 29वें मिनट में उज्बेकिस्तान के अजीज गानिएव ने लंबी दूरी से शॉट लगाकर गेंद को गोलपोस्ट के ऊपरी कोने में पहुंचा दिया था, लेकिन वीडियो रीव्यू के बाद पुर्तगाल के जोआओ कैंसिलो पर फाउल पाए जाने के कारण इस गोल को अमान्य घोषित कर दिया गया। इसके बाद 38वें मिनट में ब्रूनो फर्नांडिस ने मिडफील्ड से शानदार थ्रू बॉल दी, जिस पर रोनाल्डो ने विपक्षी डिफेंस को भेदते हुए टीम का तीसरा और अपना व्यक्तिगत दूसरा गोल दागा। इसी के साथ उन्होंने यूसेबियो का रिकॉर्ड तोड़ा और पुर्तगाल को हाफ-टाइम तक 3-0 की बढ़त दिला दी।
मध्यांतर के बाद भी पुर्तगाल का दबदबा बरकरार रहा। 57वें मिनट में रोनाल्डो की फ्री-किक को उज्बेकिस्तान के गोलकीपर अब्दुवोहिद नेमातोव ने विफल कर दिया। हालांकि, 59वें मिनट में ब्रूनो फर्नांडिस के कॉर्नर पर जोआओ फेलिक्स के बैक-हील फ्लिक से गेंद उज्बेकिस्तान के डिफेंडर अब्दुकोदिर खुसानोव से टकराई और गोलकीपर नेमातोव के हाथों से फिसलकर नेट में चली गई। इसे ‘ओन गोल’ (आत्मघाती गोल) माना गया, जिससे स्कोर 4-0 हो गया।
मुकाबले के 73वें मिनट में रोनाल्डो के पास अपनी हैट्रिक पूरी करने के दो बेहतरीन मौके आए। पहले उनका एक शॉट डिफ्लेक्ट होकर बाहर चला गया और बाद में गोलकीपर से गेंद छीनने के प्रयास को नेमातोव ने शानदार तरीके से बचा लिया। इससे पहले प्रथम हाफ के इंजरी टाइम में भी खुसानोव ने रोनाल्डो के एक प्रयास को गोललाइन से क्लियर किया था। मैच के अंतिम क्षणों में, 83वें मिनट में स्थानापन्न खिलाड़ी के रूप में आए राफेल लियाओ ने 87वें मिनट में नेल्सन सेमेडो के कट-बैक पर एक दमदार शॉट लगाकर गेंद को टॉप कॉर्नर में पहुंचा दिया और पुर्तगाल की 5-0 से खिताबी जीत सुनिश्चित कर दी।