अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी का अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास, क्लब स्तर पर खेलते रहेंगे

अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी का अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास, क्लब स्तर पर खेलते रहेंगे

अर्जेंटीना फुटबॉल टीम के दिग्गज कप्तान लियोनेल मेसी ने सोमवार को अपने अंतरराष्ट्रीय करियर को समाप्त करने का ऐलान कर दिया। देश के लिए 207 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 125 गोल करने वाले इस महान खिलाड़ी ने विदाई के समय प्रशंसकों से मिले असीम समर्थन और उनकी आवाज को सबसे यादगार पहलू बताया।

सोशल मीडिया नेटवर्क इंस्टाग्राम के माध्यम से सार्वजनिक किए गए पत्र में मेसी ने कहा कि हालिया फाइनल के बाद पर्याप्त आत्ममंथन करने के बाद उन्होंने नेशनल टीम छोड़ने का कठिन फैसला लिया है। उन्होंने भावुक होते हुए लिखा कि यह निर्णय उनके दिल को बहुत ठेस पहुंचाता है, लेकिन वर्तमान परिस्थितियों में यही सही कदम है। मेसी के अनुसार, उन्होंने अपने करियर के हर दौर में अर्जेंटीना की जर्सी के गौरव के लिए मैदान पर अपनी पूरी क्षमता झोंकी, ताकि प्रशंसकों को खुशी और देश को मान दिला सकें।

टीम से अलग होने की प्रक्रिया पर बात करते हुए मेसी ने लिखा कि हर सफर का एक तय समय होता है और यह अध्याय समाप्त होना उनके लिए बेहद पीड़ादायक है। उन्होंने स्वीकार किया कि अब उनके पास टीम में योगदान देने के लिए कुछ भी बाकी नहीं है और उभरती हुई युवा प्रतिभाएं अब राष्ट्रीय स्तर पर आने की हकदार हैं। पिछले 20 वर्षों के निरंतर प्रेम के लिए धन्यवाद देते हुए उन्होंने कहा कि अब वे प्रशंसकों के बीच बैठकर ही अच्छे और बुरे दोनों वक्त में अर्जेंटीना का समर्थन करेंगे।

इस लंबी यात्रा में सहयोगी रहे लोगों को याद करते हुए मेसी ने अपने परिवार के अटूट साथ, सभी प्रशिक्षकों, साथियों और टीम अधिकारियों का शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा कि वे पूर्ण आत्मसंतुष्टि और गर्व के साथ प्रस्थान कर रहे हैं क्योंकि उन्होंने देश को वे ऐतिहासिक पल दिए जो कभी एक सपना माने जाते थे।

मेसी के नेतृत्व में अर्जेंटीना की टीम कुल तीन फीफा विश्व कप के फाइनल तक पहुंची। जहां 2014 और इसी साल संपन्न हुए विश्व कप में टीम उपविजेता रही, वहीं 2022 में मेसी की कप्तानी में अर्जेंटीना विश्व चैंपियन बना।

अंतरराष्ट्रीय परिदृश्य से भले ही मेसी अब दिखाई न दें, लेकिन क्लब फुटबॉल में उनका सफर जारी रहेगा। वह वर्तमान में 2028 तक इंटर मियामी के साथ अनुबंध में बंधे हैं। वर्ष 2005 में शुरू हुए और विश्व कप जीत के सर्वोच्च लक्ष्य को हासिल करने वाले इस अविस्मरणीय अंतरराष्ट्रीय अध्याय का अब पटाक्षेप हो गया है।

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