मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बुधवार को मुख्यमंत्री निवास से वर्चुअल माध्यम द्वारा इंदौर में अग्रणी आईटी कंपनी इन्फोसिस के नए अत्याधुनिक सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट ब्लॉक का लोकार्पण किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की वाणिज्यिक राजधानी इंदौर अब केवल व्यापार तक सीमित न रहकर पूरे मध्य भारत का प्रमुख तकनीकी केंद्र बनने की ओर तेजी से कदम बढ़ा रहा है।
संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने रेखांकित किया कि इंदौर के भीतर लगन, प्रोफेशन और क्षमता का एक अनूठा संगम देखने को मिलता है। समय की मांग के अनुरूप खुद को ढालने और नवाचार करने की शहर की विशेष पहचान रही है। शहर की इस प्रकृति को स्पष्ट करते हुए उन्होंने कहा कि इंदौर अब इनोवेशन, नए जमाने के हुनर, डिजिटल रूपांतरण के अवसरों, विश्वसनीयता और उद्यमशीलता का पर्याय बन चुका है। विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचे और कुशल कार्यबल के बल पर यह शहर खान-पान के स्वाद के साथ-साथ अब प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भी एक बड़ा ब्रांड बन गया है। गणेश उत्सव के पावन पर्व पर शहर को मिले इस नए परिसर को उन्होंने तकनीकी व ज्ञान के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि बताया।
देश की प्रगति का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सक्षम नेतृत्व में भारत आज अपने स्वर्णिम दौर से गुजर रहा है। वैश्विक स्तर पर अस्थिरता के माहौल के बीच भारत अपने प्रशिक्षित कार्यबल के दम पर दुनिया के सबसे युवा राष्ट्र के रूप में उभरा है, जहां अमेरिका जैसी वैश्विक महाशक्तियां भी भारत की चुनाव प्रणाली को आदर्श मानती हैं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय ब्रॉडबैंड, सेमीकंडक्टर और एआई जैसे महत्वपूर्ण अभियानों तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रयासों से देश का मान-सम्मान वैश्विक पटल पर बढ़ा है, जिससे युवाओं को रोजगार के व्यापक अवसर मिले हैं।
मध्य प्रदेश में चल रही तकनीकी विकास योजनाओं पर चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश तेजी से डिजिटल नवाचार और ज्ञान आधारित अर्थव्यवस्था का प्रमुख आधार बन रहा है। राज्य में सेमीकंडक्टर नीति-2025 लागू की जा चुकी है। एक तरफ जहां इंदौर आईआईटी, आईआईएम और आईटी पार्क जैसी संस्थाओं से समृद्ध है, वहीं उज्जैन को प्रमुख साइंस सिटी तथा भोपाल को नॉलेज व एआई सिटी के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसके साथ ही धार जिले में प्रधानमंत्री द्वारा 2 हजार एकड़ से अधिक क्षेत्र में स्थापित किए जा रहे पीएम मित्र पार्क से आधुनिक तकनीक आधारित औद्योगिकीकरण को नया विस्तार मिलेगा।
इंदौर में इन्फोसिस की इस विस्तारित परियोजना से प्रदेश में निवेश तथा रोजगार को अभूतपूर्व संबल मिलेगा। वर्तमान में कंपनी के इंदौर केंद्र में 3,300 से अधिक पेशेवर कार्यरत हैं। नए परिसर में 5,000 से अधिक सीटों की क्षमता जोड़ी गई है, जिससे हाइब्रिड कार्यप्रणाली के तहत लगभग 7,000 कर्मियों के समायोजन की सुविधा तैयार हो गई है।
इस नए तकनीकी परिसर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्लाउड टेक्नोलॉजी, साइबर सुरक्षा तथा एप्लीकेशन डेवलपमेंट जैसी आधुनिक विधाओं पर कार्य किया जाएगा। इस विस्तार से न केवल प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे, बल्कि स्थानीय व्यापार व सहायक सेवाओं को भी मजबूती मिलेगी। साथ ही, उद्योग, सरकार और उच्च शिक्षण संस्थानों के बीच समन्वय बेहतर होने से राज्य में कुशल तकनीकी विशेषज्ञों को तैयार करने की गति तेज होगी। कार्यक्रम के समापन पर मुख्यमंत्री ने संस्थान के अधिकारियों को बधाई दी, जिसमें कई जन प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।