एशियाई खेलों में भारतीय निशानेबाजों ने अपनी श्रेष्ठता सिद्ध करते हुए देश की झोली में एक और स्वर्णिम सफलता डाली है। 10 मीटर एयर पिस्टल मिश्रित टीम स्पर्धा के फाइनल मुकाबले में भारत की सुरुचि इंदर सिंह और कमलजीत की जोड़ी ने 484.6 अंक का नया एशियाई रिकॉर्ड दर्ज करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
अत्यधिक दबाव वाले इस खिताबी मुकाबले में भारतीय जोड़ी ने शुरुआत से ही अपनी निरंतरता और सटीक निशानेबाजी का बेहतरीन संतुलन प्रदर्शित किया। फाइनल में उनका 484.6 का स्कोर न केवल स्वर्ण पदक सुरक्षित करने में सफल रहा, बल्कि इसने एक नया एशियाई कीर्तिमान भी स्थापित किया। इससे पूर्व यह रिकॉर्ड उज्बेकिस्तान के मुखम्मद कमालोव और निगीना सैदकुलोवा के नाम दर्ज था, जिन्होंने इसी वर्ष फरवरी में 481.3 अंक जुटाए थे।
पोडियम के अन्य स्थानों की बात करें तो दक्षिण कोरिया की सुह्योन होंग और गाउन चू की जोड़ी ने 478.0 अंक के साथ रजत पदक पर कब्जा जमाया। वहीं, ईरान के वाहिद गोलखंदान और हानियेह रोस्तमियान 415.8 अंकों के साथ तीसरे पायदान पर रहकर कांस्य पदक हासिल करने में सफल रहे। इसके अलावा, इंडोनेशियाई जोड़ी दर्मोयो ए. और प्रबोवो एम. 349.4 अंक हासिल कर चौथे स्थान पर रही।
फाइनल में ऐतिहासिक प्रदर्शन करने से पहले भारतीय जोड़ी ने क्वालिफिकेशन राउंड में भी शानदार कीर्तिमान रचा। सुरुचि और कमलजीत ने 29 इनर 10 के साथ कुल 587 अंक जुटाकर एशियाई खेलों के क्वालिफिकेशन रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। उन्होंने हांगझोउ 2023 में भारतीय जोड़ी सरबजोत सिंह और दिव्या सुब्बाराजू द्वारा बनाए गए 577 अंक के पिछले खेल रिकॉर्ड को तोड़ा। साथ ही, इस स्कोर के साथ उन्होंने 2021 में सौरभ चौधरी और मनु भाकर द्वारा स्थापित एशियाई रिकॉर्ड की भी बराबरी कर ली।
मिश्रित टीम स्पर्धा के प्रारूप में दोनों खिलाड़ियों का समान रूप से योगदान देना आवश्यक होता है, और भारतीय जोड़ी का यह आपसी तालमेल निर्णायक मौकों पर महत्वपूर्ण साबित हुआ। स्कोरबोर्ड पर अंतिम स्कोर अंकित होते ही नागोया में भारतीय निशानेबाजी दल में उल्लास का माहौल बन गया। इस जीत ने महाद्वीपीय स्तर पर सटीक निशानेबाजी में भारत के दबदबे को और मजबूती प्रदान की है।