केन्द्र सरकार ने 15 फरवरी 2024 को घरों में मुफ्त बिजली योजना शुरू की थी। योजना के तहत परिवारों को अपनी छतों पर सौर पैनल स्थापित करने के लिए सब्सिडी केन्द्र सरकार की ओर से दी जाएगी। सब्सिडी सौर पैनलों की लागत का 40 फीसदी तक कवर करेगी। इस योजना के तहत, केंद्र सरकार ने लगभग 1 करोड़ लोगों के घरों में रूफटॉप सोलर पैनल लगाने का लक्ष्य रखा है, जिससे उनके बिजली के बिलों में कमी या बिल्कुल ज़ीरो खर्चा हो जाएगा। यह योजना विशेष रूप से गरीब और मध्य वर्ग के परिवारों को लाभ पहुंचाने के लिए है। जिनकी वार्षिक आय 2 लाख रुपए से कम है।योजना के तहत घर मालिक को पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना ऐप के जरिए रजिस्ट्रेशन करना है। इस दौरान घर के छत की फोटो के साथ घर का बिजली बिल जमा करना है।
योजना के तहत सब्सिडी भी निर्धारित है। 1 किलो वॉट का रूफटॉप सोलर पैनल लगाने पर 30 हजार रुपए , 2 किलो वॉट पर 60 हजार और 3 किलो वॉट तक का सोलर सिस्टम लगाने पर 78 हजार की सब्सिडी मिलेगी। 3 किलो वॉट से अधिक का सिस्टम लगाने पर अतिरिक्त किलो वॉट के पैनल सिस्टम का भुगतान घर मालिक को करना पड़ेगा। सोलर पैनल लगाने के लिए बिजली विभाग से घर की बिजली खपत के अनुसार ही सोलर पैनल लगाने की अनुमति दी जाएगी।पीमए सौर घर मुफ्त बिजली योजना के लिए सिर्फ ऐप के माध्यम से आवेदन किया जा सकता है। इसके लिए छत वाला घर होना जरूरी है। रजिस्ट्रेशन के लिए सिर्फ छत की फोटो और बिजली बिल जरूरी है। अन्य दस्तावेज आवेदन करने पर जमा करने है, जिसमें बिजली बिल, आधार कार्ड और बैक खाते की जानकारी शामिल हैं। पूर्व में किसानों के लिए जमीन के दस्तावेज, आधार कार्ड, बैंक खाते की जानकारी, निवास और जाति प्रमाण पत्र जरूरी दस्तावेज तय किए गए हैं। सोलर रूफ टॉप प्लांट की कुल स्थापित क्षमता लगभग 75 मेगावॉट है, जिसमें से लगभग 5 मेगावॉट व्यक्तिगत घरों में है। योजना के तहत प्रदेश में आवेदन करने वालों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। विभाग की ओर से इसके लिए चुनाव आचार संहिता खत्म होने के बाद प्रचार प्रसार किया जाएगा।