भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने गुरुवार को रोमानिया के बुखारेस्ट स्थित कोटरोसेनी पैलेस में रोमानियाई राष्ट्रपति निकुसोर डैन के साथ द्विपक्षीय एवं प्रतिनिधिमंडल स्तर की बैठक का नेतृत्व किया। तीन दशकों में किसी भारतीय राष्ट्रप्रमुख की यह पहली रोमानिया यात्रा है। इस उच्चस्तरीय वार्ता के दौरान दोनों देशों ने रणनीतिक संबंधों को मजबूती देने, द्विपक्षीय व्यापार को अगले तीन वर्षों में दोगुना करने और सहयोग के विभिन्न क्षेत्रों को विस्तार देने पर गहन विचार-विमर्श किया।
आधिकारिक दौरे के तहत कोटरोसेनी पैलेस पहुंचने पर राष्ट्रपति मुर्मु का औपचारिक स्वागत किया गया तथा उन्हें ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ दिया गया। तत्पश्चात आयोजित आमने-सामने की बातचीत एवं प्रतिनिधिमंडल स्तरीय चर्चा में दोनों देशों के शीर्ष नेताओं ने आपसी हितों से जुड़े प्राथमिक क्षेत्रों में द्विपक्षीय साझेदारी को नए आयाम देने पर सहमति व्यक्त की।
वार्ता के दौरान राष्ट्रपति मुर्मु ने भारत और रोमानिया के बीच पिछले सात दशकों से अधिक समय से चले आ रहे संबंधों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच की स्थायी मित्रता परस्पर विश्वास, सम्मान और जन-जन के गहरे संबंधों की मजबूत नींव पर टिकी है। समय के साथ यह साझेदारी व्यापक सहयोग और साझा भविष्य के नए दौर में प्रवेश कर रही है।
आर्थिक मोर्चे पर दोनों देशों ने व्यापारिक और निवेश संबंधों को मजबूत बनाने, टिकाऊ एवं विश्वसनीय आपूर्ति श्रृंखलाओं के निर्माण और व्यावसायिक समुदायों के बीच संपर्क बढ़ाने पर बल दिया। राष्ट्रपति मुर्मु ने रोमानिया को यूरोपीय संघ में भारत का महत्वपूर्ण साझेदार बताते हुए विश्वास जताया कि प्रस्तावित भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौता (FTA) दोनों देशों के उद्योगों एवं कुशल पेशेवरों के लिए नए अवसर पैदा करेगा।
सांस्कृतिक और शैक्षणिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शिक्षा, संस्कृति और जन-संपर्क से जुड़े तीन महत्वपूर्ण ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए गए। इसके अतिरिक्त, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी सहयोग कार्यक्रम के तहत संयुक्त अनुसंधान को आगे बढ़ाने, बुखारेस्ट विश्वविद्यालय में भारतीय अध्ययन पीठ की स्थापना करने और ‘आईटीईसी’ (ITEC) कार्यक्रम के तहत रोमानियाई पेशेवरों के लिए प्रशिक्षण सीटों की संख्या दोगुनी करने का निर्णय लिया गया।
द्विपक्षीय संबंधों के भविष्य के रोडमैप पर चर्चा करते हुए राष्ट्रपति ने घोषणा की कि वर्ष 2028 में दोनों राष्ट्र अपने राजनयिक संबंधों के 80 वर्ष पूरे होने का जश्न मनाएंगे। इस ऐतिहासिक अवसर को यादगार बनाने के लिए वर्ष 2028 को “भारत-रोमानिया नवाचार वर्ष” के रूप में मनाने का निर्णय लिया गया है।
उल्लेखनीय है कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु मोल्दोवा, उत्तर मैसिडोनिया और रोमानिया की अपनी तीन देशों की राजकीय यात्रा के अंतिम चरण में 23 जुलाई 2026 को बुखारेस्ट पहुंची थीं, जहां हवाई अड्डे पर रोमानिया की विदेश मंत्री ओआना-सिल्विया तोइउ ने उनका स्वागत किया था। अपनी यात्रा के अगले चरण में 24 जुलाई 2026 को राष्ट्रपति भारत-रोमानिया व्यापार मंच को संबोधित करने के साथ-साथ रोमानियाई संसद और ‘बुखारेस्ट यूनिवर्सिटी ऑफ इकोनॉमिक स्टडीज’ का दौरा करेंगी।