नवा रायपुर में आंदोलन कर रहे किसानों के दिल्ली पहुंचने के साथ सरकार की कार्रवाई भी तेज हो गई है। नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण (NRDA) ने निविदा के माध्यम से प्राप्त की जाने वाली विभिन्न सेवाओं के लिए 60% रोजगार का आरक्षण प्रभावित गांवों के व्यक्तियों के लिए कर दिया है। इसके आदेश जारी कर दिए गए हैं। प्रभावित गांवों का सर्वे भी जारी है। इसमें चार का सर्वे पूरा हो चुका है, वहीं सात गांवों में सर्वे की प्रक्रिया जारी है।
यह फैसला सशक्त समिति की 12वीं बैठक में लिया गया था। इस सर्वे के आधार पर ही नई राजधानी बनने से प्रभावित गांवों में आवासीय पट्टा जारी किया जाना है। अधिकारियों ने बताया, राज्य सरकार ने नई राजधानी परियोजना प्रभावित किसान कल्याण समिति की स्वीकार की गई मांगों पर तेजी से कार्रवाई शुरू कर दी है। प्रभावित किसानों के पक्ष में ऑडिट आपत्तियों का निराकरण संबंधी पत्र भी स्थानीय निधि संपरीक्षा ( छत्तीसगढ स्टेट ऑडिट) को भेजा गया है। इनमें सिंचित एवं असिंचित भूमि के संबंध में पटवारी दस्तावेज तथा पेड़ों के संबंध में वनपाल की रिपोर्ट को प्रमाण मानकर आपत्तियों का निराकरण किया जाना है।
पेड़ों के संबंध में नापजोख तथा मूल्यांकन किए जाने हेतु वन विभाग के कर्मचारी-अधिकारी तकनीकी रूप से सक्षम एवं अधिकृत होते हैं। ऐसे में ऑडिट आक्षेप के निराकरण हेतु वृक्षों के मुआवजा भुगतान हेतु वन विभाग के वनपाल द्वारा किए गए मूल्यांकन को प्रमाण मानकर आपत्तियों का निराकरण किया जाना प्रस्तावित है। ऋण पुस्तिका से संबंधित आक्षेप प्रकरणों के निराकरण के लिए ऋण-पुस्तिका की छाया प्रति सत्यापित कर प्रस्तुत करने पर आपत्तियों का निराकरण किया जाना प्रस्तावित है। कृषि मंत्री रविंद्र चौबे ने रविवार को इन मांगों पर समझौते की घोषणा की थी।
नवा रायपुर विकास प्राधिकरण के विभिन्न सेक्टरों में निर्मित दुकान, गुमटी, चबूतरा तथा हॉल का आवंटन लागत मूल्य पर करने पर सहमति बनी है। इनको लॉटरी के माध्यम से नवा रायपुर परियोजना प्रभावितों को दिया जाना है। अधिकारियों ने बताया, NRDA अगली निविदा में इस शर्त को जोड़ेगा। अभी रिक्त पड़ी सभी 57 दुकानों, 12 गुमटियों, 71 चबूतरों तथा 4 हॉल का आवंटन निविदा निकालकर करने का आदेश जारी हो गया है।
अधिकारियों ने बताया, नवा रायपुर में किसानों पर जमीन खरीदने-बेचने पर लगे प्रतिबंध को भी खत्म करने की तैयारी तेज है। नवा रायपुर विकास प्राधिकरण ने लेयर-2 के सभी 27 गांवों को अनुमति की परिधि से बाहर करने का प्रस्ताव बनाया है। यह प्रस्ताव सरकार को भेजा गया है। इस पर जल्दी ही फैसला होगा।नई राजधानी प्रभावित किसान कल्याण समिति के नेता मंगलवार को दिल्ली पहुंच गए। उन लोगों ने भारतीय किसान यूनियन के राकेश टिकैत से मुलाकात कर रायपुर आने का न्यौता दिया है। टिकैत चुनाव के बाद यहां आने को तैयार भी हैं। इधर किसान नेता कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी से भी मुलाकात की कोशिश में हैं।