टाटा ग्रुप ने आज यानी 7 अप्रैल को अपने मोस्ट अवेटेड सुपर ऐप न्यू (Neu) को लॉन्च कर दिया। इस ऐप को गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है। अब तक 5 लाख से ज्यादा लोग इसे डाउनलोड कर चुके हैं। टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने कहा कि प्लेटफॉर्म का मकसद इंडियन कंज्यूमर्स के जीवन को सरल और आसान बनाना है।चंद्रशेखरन ने कहा, ‘टाटा न्यू एक एक्साइटिंग प्लेटफॉर्म है जो हमारे सभी ब्रांड्स को एक पावरफुल ऐप में एक जगह लाता है। यह टाटा के वंडरफुल वर्ल्ड को डिस्कवर करने का एक बिल्कुल नया तरीका है। उन्होंने यह भी कहा कि हमारे कई भरोसेमंद और पसंदीदा ब्रांड एयर एशिया, बिगबास्केट, क्रोमा, आईएचसीएल, क्यूमिन, स्टारबक्स, टाटा 1 एमजी, टाटा क्लिक, टाटा प्ले, वेस्टसाइड को इस प्लेटफॉर्म पर देखकर मुझे गर्व हो रहा है। विस्तारा, एयर इंडिया, टाइटन, तनिष्क, टाटा मोटर्स भी जल्द इस प्लेटफॉर्म में शामिल होंगे।’
भारत एक ऐसा मार्केट बनता जा रहा है, जहां बड़ी आबादी इंटरनेट का इस्तेमाल कर रही है। आज 90% सब्सक्राइबर मोबाइल के जरिए इंटरनेट सर्फिंग कर रहे हैं। इस वजह से ज्यादातर कंपनियां सुपर ऐप्स बना रही हैं। इसके अलावा सुपर ऐप्स रेवेन्यू बढ़ाने के साथ ही कंज्यूमर डेटा से यूजर बिहेवियर के बारे में ज्यादा जानकारी जुटाने में कामयाब होता है।एक देश या क्षेत्र को तब सुपर ऐप के लिए तैयार माना जाता है, जब वहां की बड़ी आबादी डेस्कटॉप के बजाय स्मार्टफोन से ज्यादा से ज्यादा सेवाएं और सुविधाएं चाहती है। स्थानीय जरूरतों को पूरा करने के लिए ऐप्स का इकोसिस्टम न होना भी इसकी एक बड़ी वजह है।इंटरनेट कंसल्टेंसी फर्म रेडसीयर (RedSeer) के मुताबिक इन बिजनेस ग्रुप्स के डिजिटल असेट्स पर कस्टमर फुटफॉल बढ़ा और बार-बार खरीदने वाले कस्टमर्स की संख्या भी बढ़ी। यही किसी भी क्षेत्र में सुपर ऐप के फलने-फूलने का आधार बना। टाटा की अपने कंज्यूमर ऑफरिंग्स को एक प्लेटफॉर्म पर लाने की योजना गल्फ रीजन के बिजनेस ग्रुप्स से मेल खाती है।