जिसका डर था। वही हुआ। शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद यूपी के कई शहरों में हिंसा भड़क गई। प्रयागराज में हालत सबसे ज्यादा खराब हो गए। पथराव में डीएम, एसएसपी, एडीजी, आईजी घायल हो गए। एसपी की गाड़ी टूट गई है। पीएसी के वाहन समेत 7 से ज्यादा गाड़ियों को फूंक दिया गया। आगजनी की गई। हालात इतने बिगड़ गए कि एडीजी को बंदूक उठानी पड़ी। अर्धसैनिक बलों के कई जवान भी पथराव में चोटिल हुए हैं। उधर, मुरादाबाद और सहारनपुर में भी नमाज के बाद भीड़ हिंसक हो गई। वहां पथराव के बाद हालत नियंत्रित करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
हिंसा के बाद सीएम योगी ने दंगाइयों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। गृह विभाग ने सभी डीएम से नमाज के बाद की रिपोर्ट मांगी है।
प्रयागराज के अटाला इलाके में भड़की हिंसा में हमलावरों ने देसी बमों से पुलिस पर हमला किया है। एडीजी प्रेम प्रकाश का गनर पथराव में गंभीर रूप से घायल हो गया। आईजी प्रयागराज राकेश सिंह पत्थर लगने से बुरी तरह चोटिल हुए। DM संजय कुमार खत्री और SSP अजय कुमार को पत्थर लगा। हिंसक भीड़ ने सड़क पर खड़े वाहनों में तोड़फोड़ की। उनको फूंक दिया। गलियों में घरों की छतों से पथराव किया गया। पुलिस ने भी जवाब में पत्थर फेंके। उपद्रवियों ने PAC की गाड़ी को आग लगा दी।
एडीजी प्रयागराज प्रेम प्रकाश ने कहा कि पथराव में छोटे बच्चे आगे आ गए थे, तो पुलिस ने ज्यादा बल प्रयोग नहीं किया गया। हिंसा में वामपंथी संगठनों का हाथ। एआईएमआईएम और समाजवादी पार्टी के पदाधिकारियों का हिंसा में हाथ हो सकता है।सहारनपुर की जामा मस्जिद से जुमे की नमाज के बाद निकली भीड़ ने अचानक से अल्लाह हू अकबर के नारे लगाने शुरू कर दिए। देखते ही देखते भीड़ उग्र हो गई। पथराव शुरू कर दिया। पुलिस को लाठीचार्ज भी करना पड़ा। एडीजी लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार ने कहा कि सहारनपुर में भीड़ ज्यादा हो गई थी, लेकिन अब हालात काबू में कर लिए गए हैं। 36 उपद्रवियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।