ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने कंजर्वेटिव पार्टी के संसदीय दल के नेता पद से इस्तीफा दे दिया है। बतौर प्रधानमंत्री वो अक्टूबर तक काम करेंगे। अक्टूबर में पार्टी का सम्मेलन होगा। इसमें नया प्रधानमंत्री चुना जाएगा। कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा था कि बोरिस प्रधानमंत्री पद से भी इस्तीफा देंगे। हालांकि, अब तक ऐसा नहीं हुआ। कुछ सांसद जरूर इसकी मांग अब भी कर रहे हैं।
1. ऋषि सुनक
जॉनसन के इलेक्शन कैम्पेन में ऋषि का अहम रोल रहा। प्रेस ब्रीफिंग में भी सरकार के चेहरे के तौर पर ज्यादातर वही नजर आते रहे। कई मौके तो ऐसे आए जब टीवी डिबेट में बोरिस की जगह पर ऋषि ने हिस्सा लिया। इसको लेकर विपक्षी लेबर पार्टी ने सवाल भी उठाए थे और पूछा था कि असली प्रधानमंत्री कौन है।
2. लिज ट्रस
46 साल की लिज ट्रस का पूरा नाम एलिजाबेथ मैरी ट्रस है। वे साउथ वेस्ट नॉर्थफोक की सांसद हैं। लिज फॉरेन कॉमन वेल्थ एंड डेवलपमेंट अफेयर्स सेक्रेटरी हैं। इस समय काफी पॉपुलर हैं। 46 साल की ट्रस दो साल इंटरनेशनल ट्रेड सेक्रेटरी भी रहीं। पिछले साल उन्हें यूरोपियन यूनियन से बातचीत का अहम जिम्मा सौंपा गया था।
3. जेरेमी हंट
55 साल के फॉरेन सेक्रेटरी 2019 के चुनाव में दूसरे सबसे लोकप्रिय नेता थे। उनकी पब्लिक इमेज बेदाग रही है। पार्टी के लोगों को विश्वास है कि जेरेमी बिना किसी कॉन्ट्रोवर्सी पैदा किए गंभीरता के साथ सरकार चलाएंगे। हंट को जॉनसन की नीतियों का सख्त विरोधी माना गया। अमेरिका से रिश्तों को लेकर हंट ने साफ कहा था- हमें बराबरी का दर्जा चाहिए।
4. नदीम जाहवी
सुनक के इस्तीफे के बाद जॉनसन ने नादिम जाहवी को नया वित्त मंत्री नियुक्त किया है। पीएम के दावेदारों में भी नदीम जाहवी कुछ अलग हैं। दरअसल, नदीम बचपन में ईराक से बतौर शरणार्थी ब्रिटेन आए थे। 2010 में वे पहली बार सांसद बने। जाहवी ने हाल ही में कहा था- अगर मुझे ब्रिटेन का प्रधानमंत्री चुना जाता है, तो ये मेरी खुशनसीबी होगी।
5. पेनी मॉर्डेंट
पूर्व डिफेंस मिनिस्टर पेनी भी प्रधानमंत्री बनने की दौड़ में शामिल हैं। पेनी को पिछले चुनावों में हंट का समर्थन करने के लिए जॉनसन ने सरकार से हटा दिया था। पेनी यूरोपियन यूनियन छोड़ने का समर्थन करने वालों में सबसे आगे थीं। जब ब्रिटेन में यूरोप यूनियन छोड़ने का मुद्दा गर्माया हुआ था, तो पेनी ने एक ईवनिंग टीवी शो में भाग लिया था। इससे उन्होंने खूब सुर्खियां बटोरीं।
6. बेन वॉलेस
बेन वॉलेस डिफेंस मिनिस्टर हैं। ब्रिटिश रॉयल आर्मी में रह चुके हैं। रूस-यूक्रेन जंग में ब्रिटेन के रुख को लेकर चर्चा में आए। यूक्रेन को सैन्य मदद पहुंचाने में उनका अहम रोल है। 1999 में उनका राजनीतिक सफर शुरू हुआ। 2005 में संसद पहुंचे। 2016 में बेन होम सिक्योरिटी मिनिस्टर थे। अफगानिस्तान से ब्रिटिश नागरिकों को बाहर निकालने में उनका अहम योगदान था।