राज्य सरकार ने छत्तीसगढ़िया ओलंपिक खेलों की तिथि घोषित कर दी है। ग्रामीण खेलों का यह सबसे बड़ी प्रतिस्पर्धा 6 अक्टूबर से शुरू हो जाएगी। अगले तीन महीनों तक कबड्डी, खो-खो, पिट्ठुल, भंवरा, कंचा जैसे 14 पारंपरिक ग्रामीण खेलों के खिलाड़ी विभिन्न स्तरों पर मुकाबला करेंगे। खेल समारोह का समापन 6 जनवरी को राजधानी रायपुर में आयोजित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की अध्यक्षता में 6 सितम्बर को हुई कैबिनेट बैठक में छत्तीसगढ़िया ओलंपिक के आयोजन का फैसला किया था। अब खेल एवं युवा कल्याण विभाग ने इस आयोजन की पूरी तैयारी कर ली है। पंचायत एवं ग्रामीण विकास और नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग को जिम्मेदारी सौंपा गई है।
खेल के लिए 6 स्तर निर्धारित किए गए हैं। जिनके अनुसार खेल प्रतियोगिता के चरण होंगे। इसमें गांव में सबसे पहला स्तर राजीव युवा मितान क्लब का होगा। वहीं दूसरा स्तर जोन का है। इसमें आठ राजीव युवा मितान क्लब को मिलाकर एक क्लब होगा। फिर विकासखंड-नगरीय क्लस्टर स्तर, जिला, संभाग और अंतिम में राज्य स्तर पर खेल प्रतियोगिताएं आयोजित होंगी। दलीय एवं एकल श्रेणी में 14 तरह के पारम्परिक खेलों को इस आयोजन में रखा गया है। छत्तीसगढ़िया ओलंपिक को लेकर जारी कार्ययोजना के अनुसार खेल प्रतियोगिता दो श्रेणी में होगी।