सरकार को यात्रियों की तरफ से लगातार शिकायतें आ रही थीं कि ऑनलाइन कैब कंपनियों की तरफ से चलने वाले ऑटोरिक्शा का किराया बहुत ज्यादा है। सितंबर माह में सरकार ने ओवरचार्जिंग के 292 केस दर्ज किए थे। वहीं स्टेट पुलिस अथॉरिटीज ने कहा कि कंपनियों के पास ऑटो-रिक्शा ऑपरेट करनी की परमिशन भी नहीं है।कर्नाटक सरकार ने ऑनलाइन कैब कंपनियों को नोटिस जारी कर 3 दिनों के अंदर ऑटो सर्विस बंद करने के लिए कहा है। कंपनियों को नोटिस का जवाब 3 दिन में देना होगा। आदेश न मानने पर कंपनी और वाहन मालिक के खिलाफ केस दर्ज किया जाएगा।
यह कदम यात्रियों की तरफ से शिकायत करने के बाद आया है। परिवहन विभाग से शिकायत की गई थी कि कैब कंपनियां न्यूनतम किराया 100 रुपए ले रही हैं, भले ही दूरी 2 किमी से कम हो। सरकारी गाइडलाइन के मुताबिक, ऑटो किराया के लिए 2 किमी तक का अधिकतम किराया 30 रुपए तय है। इसके बाद हर किमी पर 15 रुपए लिए जा सकते हैं।