राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल प्लाजा जल्द इतिहास बन जाएगा। देश नए टोल कलेक्शन सिस्टम में प्रवेश की तैयारी कर रहा है। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के मुताबिक टोल बैरियरों को सैटेलाइट-बेस्ड टोल कलेक्शन सिस्टम से बदल दिया जाएगा। इसमें टोल कलेक्शन के लिए जीपीएस और कैमरे का इस्तेमाल किया जाएगा। इससे टोल प्लाजा और फास्टैग, दोनों का काम खत्म हो जाएगा। टोल प्लाजा पर लगने वाले जाम से छुटकारा मिलेगा।गडकरी ने पिछले साल दिसंबर में बताया था कि नया सिस्टम मार्च के अंत तक लागू हो जाएगा, लेकिन लोकसभा चुनाव की आदर्श आचार संहिता के कारण इस पर अमल स्थगित कर दिया गया। इसे चुनाव के बाद लागू किए जाने के आसार हैं।हाईवे पर जितनी दूरी का सफर, उतने पैसे सैटेलाइट टोल कलेक्शन सिस्टम में एंट्री पॉइंट पर वाहन की एंट्री दर्ज हो जाएगी। इसके बाद आप हाईवे पर जितनी दूरी का सफर करेंगे, उस हिसाब से अकाउंट से पैसे कट जाएंगे। इस समय वाहन द्वारा तय दूरी को नजरअंदाज कर हर प्लाजा पर टोल शुल्क तय है।