मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मंगलवार को मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में श्री नामदेव दास त्यागी “कंप्यूटर बाबा” ने सौजन्य भेंट की।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर राज्य सरकार के गौ-संरक्षण और दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के अभियानों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रदेश में घर-घर में गौपालन को प्रोत्साहित करने और गोवंश की देखभाल के लिए गौशालाएँ स्थापित करने का अभियान चलाया जा रहा है।
गौशालाओं पर मुख्य घोषणाएँ:
- भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर जैसे बड़े शहरों में 5 हज़ार तक गौ माताओं को रखने की क्षमता वाली गौशालाएँ स्थापित की जा रही हैं।
- राज्य शासन ने गौ माता के लिए अनुदान की राशि को 20 रुपए से बढ़ाकर 40 रुपए कर दिया है।
- दस हज़ार गौ माताएँ रखने की क्षमता वाली गौशालाएँ स्थापित करने की दिशा में भी कार्य हो रहा है।
दुग्ध उत्पादन का लक्ष्य: मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में दुग्ध उत्पादन को 20 प्रतिशत बढ़ाने का लक्ष्य है, जिसका उद्देश्य मध्य प्रदेश को दुग्ध उत्पादन में देश में प्रथम बनाना है। इस लक्ष्य की पूर्ति के लिए भी घर-घर गौ-पालन को प्रोत्साहित किया जा रहा है।
धार्मिक और आध्यात्मिक कार्य: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह भी बताया कि प्रदेश में भगवान श्रीराम वन गमन पथ पर कार्य किया जा रहा है। इसके साथ ही, जहाँ-जहाँ भगवान श्रीकृष्ण की लीलाएँ हुईं, उन क्षेत्रों को तीर्थ के रूप में विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने इन सभी गतिविधियों में कंप्यूटर बाबा के सहयोग की अपेक्षा व्यक्त की।
कंप्यूटर बाबा के सुझाव: भेंट के बाद कंप्यूटर बाबा ने बताया कि उन्होंने राज्य शासन के सम्मुख गौ माता को ‘राजमाता’ का दर्जा देने और प्रदेश में गौ अभयारण्य स्थापित करने का सुझाव विचार के लिए रखा है। उन्होंने गौ संरक्षण के लिए मुख्यमंत्री की आस्था और सरकार के प्रयासों की सराहना की और कहा कि संत समाज इन प्रयासों में राज्य सरकार के साथ है।