भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित प्रेस वार्ता में अपनी सरकार के “विकास और सेवा के दो साल” की उपलब्धियां मीडिया के सामने रखीं। उन्होंने दावा किया कि मात्र दो वर्ष के अल्प कार्यकाल में राज्य सरकार ने मध्यप्रदेश के विकास का परिदृश्य बदल दिया है, जो अद्भुत और अकल्पनीय है।
नक्सलवाद का खात्मा: एक ऐतिहासिक उपलब्धि मुख्यमंत्री ने सबसे बड़ी उपलब्धि के रूप में राज्य से नक्सलवाद के पूर्ण उन्मूलन को बताया। उन्होंने कहा कि 35 साल पुरानी नक्सल समस्या से मध्य प्रदेश अब पूरी तरह मुक्त हो चुका है। उन्होंने केंद्र सरकार के मार्गदर्शन और बहादुर पुलिस अधिकारियों की प्रतिबद्धता की सराहना की, जिनके प्रयासों से नक्सलवादियों के एमएमसी जोन (महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश एवं छत्तीसगढ़) में पिछले 42 दिनों में 42 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया, जबकि 10 को ढेर किया गया है। दो नक्सलियों के कल के सरेंडर के साथ राज्य में नक्सलियों की संख्या शून्य हो गई है। मुख्यमंत्री ने शहीदों को याद करते हुए, भविष्य में नक्सलवादी मूवमेंट को दोबारा स्थापित न होने देने के लिए तंत्र विकसित करने की बात कही।
जल-संरक्षण और नदी जोड़ो परियोजना पर फोकस डॉ. यादव ने जल संरक्षण को सरकार की प्राथमिकता बताया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय नदी जोड़ो परियोजना के तहत केन-बेतवा और पीकेसी के बाद अब ताप्ती मेगा ग्राउण्ड वाटर रिचार्ज परियोजना पर तेजी से काम हो रहा है। उन्होंने मंदाकिनी-चित्रकूट उप परियोजना को केन-बेतवा का नया प्रोजेक्ट बताते हुए कहा कि इससे चित्रकूट धाम के आसपास जल उपलब्धता बढ़ेगी और बिजली उत्पादन भी होगा। सरकार का लक्ष्य अगले पांच वर्षों में नदी जोड़ो परियोजनाओं के माध्यम से 100 लाख हेक्टेयर से अधिक कृषि रकबे को सिंचित करना है।
आर्थिक और सामाजिक विकास के आयाम मुख्यमंत्री ने बताया कि इन दो वर्षों में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (जीआईएस) का सफल आयोजन हुआ, जिसके परिणामस्वरूप निवाड़ी जैसे छोटे जिलों में इस्पात कारखाना और झाबुआ में खाद इकाई जैसे निवेश आए हैं। हुकुमचंद मिल के मजदूरों के बकाये का विवाद समाप्त किया गया और भोपाल गैस त्रासदी पीड़ितों को न्याय दिलाने का काम हुआ। उन्होंने इंदौर-उज्जैन और भोपाल-नर्मदापुरम को मेट्रोपोलिटन एरिया बनाने की योजना का भी उल्लेख किया।
अन्य प्रमुख घोषणाएं और उपलब्धियां:
- बिजली: देश में सबसे सस्ती बिजली उपलब्ध करा रहा है मध्य प्रदेश।
- स्वास्थ्य: सरकारी-निजी मेडिकल कॉलेजों की संख्या बढ़कर 52 हुई। पीपीपी मॉडल पर मेडिकल कॉलेजों के लिए 1 रुपए लीज पर जमीन दी जा रही है।
- शिक्षा: 55 पीएम एक्सीलेंस कॉलेज खोले गए और नई शिक्षा नीति लागू करने वाला MP देश का पहला राज्य बना।
- गौ-संरक्षण: गौ संरक्षण के लिए नई योजनाएं और दुग्ध उत्पादन को 20% तक बढ़ाने का लक्ष्य।
- कल्याण: लाड़ली बहना योजना की मासिक राशि ₹1,500 की गई। ₹2600 प्रति क्विंटल पर गेहूं खरीदकर किसानों को बोनस दिया गया।
उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा और वरिष्ठ विधायक हेमंत खंडेलवाल ने भी सरकार के दो साल के कार्यकाल को प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में ‘विकास भी, विरासत भी’ के संकल्प को समर्पित बताया।