भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सिवनी में नवनिर्मित शंकराचार्य चौक और वहाँ स्थापित दिव्य स्तंभ का ऑनलाइन उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि ब्रह्मलीन स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती का व्यक्तित्व सनातन परंपरा और सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के प्रति समर्पित था। उन्होंने समाज से आह्वान किया कि स्वामी जी के विचारों और संस्कारों को न केवल अपनाएं बल्कि उन्हें समाज के हर वर्ग तक पहुंचाएं।
कार्यक्रम की मुख्य बातें:
- सांस्कृतिक धरोहर: भगवान श्रीकृष्ण के लीला स्थलों को तीर्थ के रूप में विकसित करेगी प्रदेश सरकार।
- सुशासन का आधार: शासन की नीतियां सनातन धर्म और लोक कल्याण की भावना से प्रेरित हैं।
- प्रेरणा स्रोत: सिवनी में स्थापित यह स्तंभ भावी पीढ़ी को भारतीय संस्कृति से जोड़ेगा।
कार्यक्रम में पूज्य जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती जी महाराज ने भी अपने विचार रखे और सनातन धर्म की रक्षा में ब्रह्मलीन महाराज के योगदान पर प्रकाश डाला।