प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी इजरायल यात्रा के दूसरे दिन भारत-इजरायल संयुक्त प्रेस वार्ता को संबोधित किया। “शालोम” के साथ अपने संबोधन की शुरुआत करते हुए प्रधानमंत्री ने इजरायल में हुए भव्य स्वागत के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने अपनी इस यात्रा को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि 9 साल बाद दोबारा यहाँ आना उनके लिए गर्व की बात है।
प्रमुख कूटनीतिक घोषणाएं:
- रणनीतिक संबंध: दोनों देशों ने अपने द्विपक्षीय रिश्तों को ‘स्पेशल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप’ का दर्जा देने का निर्णय लिया है।
- आर्थिक सहयोग: पिछले वर्ष हुए द्विपक्षीय निवेश समझौते के बाद अब जल्द ही एक लाभप्रद फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पर काम शुरू होगा। साथ ही, अब इजरायल में भी यूपीआई (UPI) का इस्तेमाल संभव हो सकेगा।
- तकनीकी साझेदारी: एआई (AI), क्वांटम कंप्यूटिंग और महत्वपूर्ण खनिजों के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने के लिए ‘क्रिटिकल एंड इमर्जिंग टेक्नोलॉजी’ पार्टनरशिप पर सहमति बनी है।
प्रधानमंत्री ने आतंकवाद पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि भारत और इजरायल इस बात पर स्पष्ट हैं कि दुनिया में आतंकवाद के लिए कोई स्थान नहीं है और दोनों देश कंधे से कंधा मिलाकर इसका विरोध करते रहेंगे।