नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने पीएम गरीब कल्याण अन्न योजना और आईसीडीएस (ICDS) जैसी योजनाओं के तहत दिए जाने वाले फोर्टिफाइड चावल के वितरण को अस्थायी रूप से बंद करने का आदेश दिया है। सरकार का उद्देश्य लाभार्थियों तक पोषक तत्वों की सही मात्रा पहुंचाना है, जिसके लिए अब नए और बेहतर तरीकों की तलाश की जा रही है।
मुख्य बिंदु:
- आपूर्ति जारी रहेगी: इस निर्णय से राशन, मिड-डे मील या आंगनवाड़ी केंद्रों के माध्यम से मिलने वाले अनाज की मात्रा में कोई कटौती नहीं होगी।
- राज्यों को लचीलापन: खरीफ सीजन 2025-26 और 2024-25 की लंबित प्राप्तियों के लिए राज्यों को यह अधिकार दिया गया है कि वे अपनी सुविधा के अनुसार फोर्टिफाइड या सादे चावल का वितरण कर सकते हैं।
- भविष्य की योजना: सरकार अब पोषक तत्वों की आपूर्ति के लिए एक ऐसी प्रणाली विकसित करेगी जो लंबे समय तक भंडारण के बावजूद अपनी गुणवत्ता बनाए रख सके।