पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान से पहले ही चुनाव आयोग ने राज्य में सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए हैं। आयोग ने 480 CAPF कंपनियों की अग्रिम तैनाती का निर्णय लिया है, जिसे जानकार एक बड़ा रणनीतिक कदम मान रहे हैं।
संवेदनशील जिलों पर फोकस: रणनीति के तहत बांग्लादेश की सीमा से सटे जिलों को प्राथमिकता दी गई है। उत्तर 24 परगना (58 कंपनियां), मुर्शिदाबाद (35 कंपनियां) और दक्षिण 24 परगना (33 कंपनियां) में भारी बल तैनात किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, हुगली, पूर्व बर्धमान और नदिया जैसे जिलों में भी 20 से अधिक कंपनियां तैनात रहेंगी।
प्रमुख बल और संरचना: इस सुरक्षा बेड़े में पांच प्रमुख बल (CRPF, BSF, CISF, ITBP, SSB) शामिल हैं। सीआरपीएफ को नोडल एजेंसी बनाया गया है जो सभी बलों के बीच तालमेल सुनिश्चित करेगी। विश्लेषकों का मानना है कि चुनाव की तारीखें आने से पहले इतनी बड़ी तैनाती राज्य में निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने की दिशा में एक कड़ा संदेश है।